अरशद आब्दी, ब्यूरो चीफ, झांसी (यूपी), NIT:

उत्तर प्रदेशीय प्राथमिक शिक्षक संघ के ज़िला प्रवक्ता अब्दुल नोमान का कहना है कि कोविड-19 महामारी से अस्थिर होती अर्थव्यवस्था का हवाला देकर प्रदेश सरकार द्वारा कर्मचारियों के भत्ते खत्म किए जा रहे हैं। यह विपरीत समय में कर्मचारियों को निराश करने वाला आदेश है। विषम परिस्थिति में कर्मचारियों द्वारा महामारी से बचाव में महत्त्वपूर्ण दायित्व निभाया जा रहा है। ऐसे में भत्ते समाप्त कर उनके मनोबल को बढ़ाने के बजाए गिराने का कार्य हुआ है। सरकार को चाहिए कि राजस्व घाटे से उबरने के लिए एनपीएस को समाप्त करे, जिससे प्रतिमाह पड़ने वाले अतिरिक्त बोझ से उबरा जा सके। क्योंकि कर्मचारी भी एनपीएस के पक्ष में नहीं हैं, तो एनपीएस समाप्ति कर ओपीएस लागू करने का भी यह एक अच्छा मौका है। इससे एक ओर राजकोषीय घाटा घटेगा तो दूसरी ओर कर्मचारी भी आशान्वित होंगे।
