अंकित तिवारी, ब्यूरो चीफ, प्रयागराज (यूपी), NIT:
प्रयागराज मे आज 7 जुलाई को ऑल इंडिया मजलिस ए इत्तेहादुल मुस्लिमीन (एआईएमआईएम) इलाहाबाद का एक प्रतिनिधिमंडल वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक आवास पर मुलाकात के लिए पहुंचा। इलाहाबाद के फूलपुर कस्बे में मृत्य तबरेज अंसारी जिसकी मॉब लिंचिंग में मौत हो गई थी उस को न्याय दिलाने के लिए एक शांति पूर्ण तरीके से कैंडल मार्च निकाला गया जिसमें आरएसएस एवं बजरंग दल के विरोध में नारे लगाए गए। कैंडल मार्च संपन्न होने के बाद आरएसएस और बजरंग दल के लोग फूलपुर इलाके के थाने का घेराव किया और पुलिस प्रशासन पर दबाव बनाया कि जो लोगों ने कैंडल मार्च निकाला है उन्हें अरेस्ट किया जाए जिस पर पुलिस ने एकतरफा कार्यवाही करते हुए रात दिन दबिश दे रही गाड़ियां उठा कर ले आए और तमाम नाबालिक बच्चों को आज कई दिनों से थाने में बैठा कर रखा हुआ है पुलिस का नकारात्मक रवैया काफी दुखद है पुलिस न्याय बिल्कुल नहीं कर रही है विशेष एक समुदाय को परेशान कर रही है धरना प्रदर्शन करना कैंडल मार्च निकालना नारेबाजी करना हमारा मौलिक अधिकार है हिंदुस्तान के संविधान ने इस चीज की इजाजत दी है पुलिस सरकार के संरक्षण में पल रहे तमाम अराजक तत्व एवं मानवता का खून बहाने वाले संगठन के इशारे पर काम कर रही है निष्पक्ष होकर काम नहीं कर रही है पुलिस की कार्यशैली से काफी हताश है फूलपुर के लोग पुलिस का ऐसो रवैया काफी दुखद है इसलिए आज इलाहाबाद की टीम ने अप्पर पुलिस निरीक्षक से मुलाकात की और उनके संज्ञान में पूरा मामला डाला और कहा गया या हमारे मौलिक अधिकार का हनन एवं हिंदुस्तान के का कानून एवं संविधान की हत्या हैं अगर उन मासूम नौजवान बच्चों को जल्द से जल्द अगर रिहा किया गया तो मजलिस ए इत्तेहादुल मुस्लिमीन की टीम डी एम का घेराव करेगी और जो भी उचित होगा उन बच्चों को छुड़ाने के लिए मजलिस ए इत्तेहादुल मुस्लिमीन पूरा प्रयास करेगी इफ्तेखार अहमद मंदर महानगर अध्यक्ष यूथ एतिहाद उल मुस्लिमीन इलाहाबाद मोहम्मद हसन तनवीर आलम आदि लोग मौजूद रहे।
माॅब लिंचिंग के लिए सरकार है जिम्मेदार: शबनम हाशमी
देश में हो रही माॅब लिंचिंग की घटनाओं के ताल्लुक से जब इस एनआईटी संवाददाता ने मशहूर मानवाधिकार कार्यकर्ता शबनम हाशमी से पूछा कि इन माॅब लिंचिंग की घटनाओं के लिए कौन जिम्मेदार है और इसे कैसे रोका जा सकता है? तो उन्होंने कहा कि इस के लिए सरकार जिम्मेदार है। यदि एडमिनिस्ट्रेशन चाहे तो ऐसी घटनाओं को रोका जा सकता है।
