मेहलक़ा अंसारी, बुरहानपुर (मप्र), NIT:

लोकसभा चुनाव के सातवें और अंतिम चरण के चुनाव में भाजपा की भोपाल लोकसभा सीट से प्रत्याशी और अपने ब्यानों से हमेशा विवादों में रहने वाली फायर ब्रांड नेत्री साध्वी प्रज्ञा सिंह ठाकुर आज वर्तमान सांसद एवं भाजपा प्रत्याशी नंद कुमार सिंह चौहान के पक्ष में प्रचार के लिए बुरहानपुर पहुंची लेकिन उनकी तबियत खराब होने एवं बीपी हाई होने के कारण वह पूर्व निर्धारित रोडशो और आमसभा के कार्यक्रम में शामिल नहीं हों सकी। वहीं गली कूचों और चौराहों पर जन चर्चा यह है कि इस फायर ब्रांड लेडी के नाम से जो भीड़ होना चाहिए वह पर्याप्त मात्रा में भीड़ नही जुट पाने के कारण मोहतरमा रोडशो और आमसभा में शरीक नही हो सकी। वहीं लालबाग में आयोजित आमसभा को भी स्थगित करना पड़ा। फायर ब्रांड नेत्री के बिना नंद कुमार सिंह चौहान, अर्चना चिटनीस दीदी, अनिल भोंसले, रामेश्वर पटेल आदि ने रोडशो में शिरकत की।
इस फायर ब्रांड लेडी के आने और रोडशो और आमसभा नहीं करने के पीछे भी सोशल मीडिया सहित अन्य कारण भी महत्वपूर्ण माने जा रहे हैं। कल ही नाथूराम गोडसे को लेकर दिये ब्यान पर जहां विवाद की नौबत आ गई है वहीं आज प्रधानमंत्री और पार्टी अध्यक्ष को भी इस मामले में अपनी छवि स्थापित करने के लिए ऐसे विवादित ब्यान देने वाले नेताओं पर 10 दिन में कार्यवाही का आश्वासन देकर दामन छुड़ाना पड़ा। बुरहानपुर के संदर्भ में भी यह माना जा रहा है कि मोहतरमा को जान बूझकर एक रणनीति के तहत रोडशो और आमसभा से रोका गया। खैर जो भी अंदर की बात या पार्टी की रणनीति हो लेकिन इस रणनीति से भाजपा को क्या लाभ हुआ या होगा यह तो आयोजक और पार्टी के ज़िम्मेदार जानें लेकिन प्रधानमंत्री के बाद मोहतरमा को बुलाने और मतों के धुर्वीकरण का जो अरमान था उसपर शायद थंडा पानी पड़ गया।
