वी.के.त्रिवेदी, ब्यूरो चीफ, लखीमपुर-खीरी (यूपी), NIT:

जनपद लखीमपुर खीरी जोकि उत्तर प्रदेश का एक बड़ा जिला है, इस जिले में सरकारी सेवा में कई अधिकारी आये और कई अधिकारी गए क्योंकि ये स्वाभाविक है कि सरकारी सेवा में आना जाना तो लगा ही रहता है मगर उन अधिकारियों में बहुत कम अधिकारी होते हैं जो अपने काम से अपने व्यवहार से लोगों के दिलों को जीत लेते हैं।
हम बात कर रहे हैं जनपद लखीमपुर खीरी की विकासखंड निघासन व रमियाबेहड़ के युवा तेजतर्रार एवं अत्यंत कर्तव्यनिष्ठ खंडविकास अधिकारी आलोक वर्मा की जो अपने कार्यों से लोगों के बीच एक अलग छाप छोड़ रहे हैं।
बताते चलें कि विकास खंड रमियाबेहड़ की ग्राम पंचायत टहारा जो इन दिनों एक अलग पहचान बनाये हुए है।
इस पंचायत में एक छोटा सा गांव जो कभी बाढ़-कटान व कच्चे मकानों में तब्दील था मगर आज इस गांव में प्रधानमंत्री आवास योजना के तहद 50 लोगों को आवास दिए गए जो खंडविकास अधिकारी आलोक वर्मा की देख रेख में सम्पूर्ण आवास के रूप में पूरा गांव शोभायमान हुआ।
बंधा रोड के किनारे बसा ये गांव अब प्रधानमंत्री आवासों के साथ इस गांव में अच्छी सड़कें व नालियां भी बनी हैं और इस गांव में कई हैण्डपम्प भी लगाए गए हैं।
ज्ञात हो कि इस गांव की शोभा को देख ये नहीं लगता कि ये वही गांव है जहां कभी कच्चे मकान व बाढ़ की समस्याओं जैसी बड़ी चुनौती नजर आती थी।
इस गांव में एक कार्यक्रम के दौरान जब जिलाधिकारी शैलेन्द्र सिंह के साथ खीरी सांसद अजय मिश्रा टेनी व सीडीओ रवि रंजन पहुंचे तो इस गांव की रौनक को देख जिलाधिकारी, सीडीओ व सांसद खंडविकास अधिकारी आलोक वर्मा की तारीफ किये बिना अपने आपको रोक न सके।
खंडविकास अधिकारी के कार्यों को मिल रही सराहना
बिल्कुल सही कहा गया है कि इंसान अपने नाम से नहीं अपने काम से जाना जाता है क्योंकि इंसान की वो खूबियां वो अच्छाइयां ही हैं जो उसको उनकी बुलंदियों तक पहुँचाती है।
आज ये जिस मुकाम पर हैं उसकी वजह उनकी काम के प्रति कर्तव्यपरायणता कही जाएगी।
जी हाँ हम बात कर रहे है तेजतर्रार एवं अत्यंत कर्तव्यनिष्ठ खंड विकास अधिकारी निघासन/रमियाबेहड़ आलोक वर्मा की जो अपने अच्छे कार्यों की वजह से आज परिचय के मोहताज नहीं हैं। यह जिस ब्लाक में रहे वहाँ पर इनके कार्यों को सराहा गया उसी प्रकार निघासन व रमियाबेहड़ ब्लाक में भी खंड विकास अधिकारी आलोक वर्मा के कार्यों को सराहना मिल रही है।
