जितेंद्र वर्मा, हरदा ( मप्र ), NIT;
केंद्र व राज्य सरकार द्बारा हितग्राहियों को विभिन्न योजनाओं का लाभ दिया जाता है। लेकिन इस लाभ को प्राप्त करने के लिए हितग्राहियों के पसीने छूट जाते हैं। मगर मध्यप्रदेश के हरदा जिले में कुछ ऐसे मामले सामने आए हैं जिसमें हितग्राहियों को दिया गया लाभ ही शक के घेरे में आ गया है। कुछ हितग्राहियों को एक ही योजना का 2-3 बार लाभ दिया गया है जो कि चर्चा का विषय बना हुआ है।
मिली जानकारी के मुताबिक जनपद पंचायत हरदा में पदस्थ सहायक ग्रेड 2 पुष्पा सोनी मेडम ने तो कमाल ही कर दिया है। कमाल भी ऐसा किया की एक दो नहीं बल्कि चार हितग्राहियों को एक ही योजना के तहत दो से तिन बार लाभ दिया। जानकारी अनुसार इंदिरा आवास एवं मुख्यमंत्री आवास योजना 2012 -13 में लाभान्वित हितग्राहियों की सूचि उपलब्ध कराई गयी है। जिसमें सितम्बर माह 2012 में चेक क्रमांक 368626 से 368629 दिनाँक 20 , 9 , 12 को चार हितग्राहियों को प्रथम क़िस्त की राशि दे दी गयी। राशि प्राप्त करने वालों में शोभा बाई कमल ग्राम रातातलाइ, साधना बाई सन्तोष ग्राम बालागांव, मौजीराम आशाराम ग्राम गोगिया एवं बसु बाई अशोक ग्राम गहाल, चारों हितग्राहियों को मुख्यमंत्री अंत्योदय आवास योजना के तहत वर्ष 2012 – 13 में चेक क्रमांक 388692 से 388670 दिनाँक 3- 10 – 2012 को भी प्रथम क़िस्त की राशि दे दी गयी। जबकि हितग्राहियो में से साधना बाई सन्तोष ग्राम बालागांव, बसु बाई अशोक ग्राम गहाल को मुख्यमंत्री अंत्योदय योजना में द्वतीय क़िस्त का भुगतान किया गया। इस प्रकार से दो हितग्राहियो को 22500 रूपये के मान से तिन बार भुगतान कर शासन के खजाने में हजारों रुपयों की चपत लगाई गई। इसी प्रकार इंदिरा आवास योजना के अंतर्गत वर्ष 2013-14 में हितग्राहियों को द्वतीय क़िस्त इंदिरा आवास योजना में राधू पिता धूल सिंह को 2013-14 में प्रथम क़िस्त की राशि जमा नहीं होकर दूसरी क़िस्त जगदीश रामेश्वर को दोनों किस्तों का भुगतान किया गया। आवास साफ्ट में अवलोकन करने पर पाया गया कि सहायक ग्रेड 2 सोनी द्वारा आर्डर शीट नम्बर b- jp-9 दिनाँक 27-9-2016 के माध्यम से एफटिओ क्रमांक एम पी 1743002 280916 एफटीओ 40053 द्वारा हितग्राही जगदीश पिता रामेश्वर ग्राम साल्याखेड़ी को पुनः भुगतान किया गया। वहीं वर्तमान में जगदीश पिता रामेश्वर ग्राम साल्याखेड़ी को राशि 35000 हजार त्रुटिवश प्राप्त की जानकारी होने के पश्चात भी एफटिओ के माध्यम से द्वितीय क़िस्त का भुगतान कर लापरवाही बरती गयी जो की उक्त कृत्य कर वित्तीय अनियमितता बरती गयी। जो की म प्र सिविल सेवा आचरण नियम 1965 के विपरीत है। इस सम्बन्ध में जनपद सीओ द्वारा दो बार पत्र लिखा गया जो की पहला पत्र 29-11-2016 वहीँ दुसरा पत्र 7-12-2016 को मुख्य कार्यपालन अधिकारी जिला पंचायत हरदा द्वारा सहायक ग्रेड 2 पुष्पा सोनी को कारण बताओ नोटिस थमाया गया। वहीँ आयुक्त नर्मदा पुरम सम्भाग होशंगाबाद, कलेक्टर हरदा को भी उक्त पत्र प्रेषित किया गया। लगभग दो माह बीतने को हैमगर अभी तक इस मामले में कोई भी कार्यवाही नहीं की गई है। इससे ऐसे कयास लगाये जा रहे हैं की या तो शासन उक्त मामले में कार्यवाही करने से वचना चाह रही है या फिर उक्त महिला अधिकारी की ऊपर तक पहुँच होने के चलते कार्यवाही नहीं की जा रही है। खैर जो भी हो मगर मामला बड़ा गम्भीर है। अब देखना यह है की उक्त अधिकारी पर कड़ी कार्यवाही होती है या मामले को ठंडे बस्ते में दबा दिया जाता है,यह तो आने वाला समय ही बताएगा।
सीईओ शुभाष शर्मा का कहना है की अनजाने में दोबारा राशि हितग्राहियों के खाते में चली गयी होगी, वहीँ बैंकों को सूचित कर हितग्राहियों के खातों पर रोक लगा दी गयी है। हितग्राहियों से रुपये की वसूल की जायेगी ।
