ताहिर मिर्ज़ा, उमरखेड/यवतमाल (महाराष्ट्र), NIT;
इस साल दसवी बोर्ड परीक्षा के आये परिणामों में अमरावती विभाग के अनेक जिले व तहसीलों में गरीब तबके के छात्रों ने बिना किसी ट्यूशन और मार्गदर्शन के अपने दम पर बड़ी सफलता हासिल की है जिसकी एक मिसाल उमरखेड शहर के एक रिक्शा चालक अजगर खान के लड़के सरफराज़ खान है जिसने उमरखेड नगर परिषद उर्दू हाई स्कूल से दसवी कक्षा की बोर्ड परीक्षा में बैठा था। सरफराज ने इस परीक्षा में 87% अंक प्राप्त कर उन युवकों में एक मिसाल कायम की है जो अपनी गरीबी और परिवार की अनेक समस्याओं से शिक्षा की ओर से मुंह फेर लेते थे।
गौर तलब है के सरफ़राज़ अपने घर के सारे काम कर बचा हुआ समय अपनी परीक्षा की तैयारी में लगाता था।इस छात्र की सफलता को देखते हुए प्रभाग तीन के पार्षद मुजीबुर्रहमान ने सरफराज़ और उसके पिता अजगर खान को फूल और शॉल से सम्मानित किया। उन्होंने परिवार वालों को छात्र सरफराज़ को दिए हुए संस्कारों पर उन्हें सराहा तथा कहा कि हर छात्र सरफराज़ जैसी मेहनत कर ज़िन्दगी की हर मुश्किल परीक्षा को सफल बना सकता है।
