ऐतिहासिक शिया मस्जिद (ईदगाह) नई बस्ती झांसी के मुतावल्ली सैय्यद गज़नफर हुसैन आब्दी ने अमर उजाला में छपे खबर का किया खंडन | New India Times

अरशद आब्दी, झांसी (यूपी), NIT; 

ऐतिहासिक शिया मस्जिद (ईदगाह) नई बस्ती झांसी के मुतावल्ली सैय्यद गज़नफर हुसैन आब्दी ने अमर उजाला में छपे खबर का किया खंडन | New India Times​11-06-2018 को दैनिक समाचार पत्र दैनिक अमर उजाला में प्रकाशित समाचार “इबादत का इतिहास समेटे शहर की मस्जिदें” पृष्ठ पांच में “शिय मस्जिद” से सम्बंधित दिए गए विवरण का स्पष्टीकरण देते हुए ऐतिहासिक शिया मस्जिद (ईदगाह) नई बस्ती झांसी के मुतवल्ली जनाब सैय्यद गज़नफर हुसैन आब्दी साहब ने प्रेस विज्ञप्ति जारी कर दैनिक भास्कर के खबर का खंडन किया है। उन्होंने स्पष्टीकरण देते हुए बताया कि:-​ऐतिहासिक शिया मस्जिद (ईदगाह) नई बस्ती झांसी के मुतावल्ली सैय्यद गज़नफर हुसैन आब्दी ने अमर उजाला में छपे खबर का किया खंडन | New India Times१- झांसी के एक प्रतिष्ठित समाचार पत्र दैनिक अमर उजाला – झांसी दिनांक ११.०६.२०१८ को प्रकाशित समाचार “इबादत का इतिहास समेटे शहर की मस्जिदें” पृष्ठ पांच में “शिया मस्जिद” से सम्बंधित जनाब मोहम्मद ख़लील द्वारा बहैसियत मुअज्ज़िन दिए गए विवरण पूर्णतय: ग़लत और गुमराह करने वाले हैं। शिया मस्जिद कमेटी ने कभी भी उन्हें मुअज्ज़िन नियुक्त नहीं किया है। हम उनके इस बयान का स्पष्ट खंडन करते हैं।

२- शिया मस्जिद, शिया वक्फ़ बोर्ड संख्या 428 के अंतर्गत शिया वक्फ़ बोर्ड लखनऊ की मिल्कियत है। वर्त्तमान में इमामे जुमा व जमाअत मौलाना सैयद शाने हैदर ज़ैदी साहब क़िबला, मुअज्ज़िन अलहाज-ओ-ज़ायर सैयद अज़हर अली साहब और अधिकृत प्रवक्ता जनाब सैय्यद शहनशाह हैदर आब्दी हैं।

३- इस मस्जिद में नमाज़ के अलावा भी शिया मुसलमानों के सभी मज़हबी प्रोग्राम जैसे अज़ादारी, सभी इमामों की विलादत की महफ़िल और शहादत की मजलिस, जश्ने ईदे ग़दीर, ईदे मुबाहला, ईदे ज़ेहरा आदि बड़े एहतराम के साथ आयोजित किये जाते हैं। इस मस्जिद और इसकी अन्य मिलकियत का प्रबंध और कब्जा पूरी तरह से शिया मुसलमानों के पास है।

४-  ऐतिहासिक शिया मस्जिद (ईदगाह) नई बस्ती – झांसी के मुतावल्ली जनाब सैयद गज़नफर हुसैन आब्दी साहब ने साम्प्रदायिक सौहार्द मज़बूत करने आपसी भाईचारा बढाने के उद्देश्य से शिया मुसलमानों के अतिरिक्त अन्य सभी मुस्लिम फिरकों को फरादा नमाज़ अदा करने की इजाज़त दी है। अगर कोई इसका उल्लंघन करता है तो वह दीनी और दुनियावी दोनों हिसाब से गुनाहगार है। मुतवल्ली साहब की लिखित इजाज़त के बिना शिया मस्जिद से सम्बंधित कोई बयान देना, इश्तिहार छापना अथवा लेख लिखना पूर्णतय: ग़लत और असंवैधानिक है।  

५- अत: आपसे निवेदन है कि अपने समाचार पत्र में उस समाचार का खंडन प्रकाशित करें और भविष्य में शिया मस्जिद से सम्बंधित समाचार के लिए निम्न लिखित व्यक्तियों से संपर्क करें।

१-     जनाब सैय्यद गज़नफर हुसैन आब्दी साहब मो.नं. 09415585759  मुतावल्ली।

२- सैय्यद शहनशाह हैदर आब्दी मो.नं. 09415943454 प्रवक्ता।

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