मुबारक अली, ब्यूरो चीफ, शाहजहांपुर (यूपी), NIT:

ऑल इंडिया रेलवे मेंस फेडरेशन (AIRF) और एनआरएमयू की लंबे समय से चली आ रही मांग को पूरा करते हुए रेलवे बोर्ड और वित्त मंत्रालय की स्वीकृति के बाद ऑपरेटिंग विभाग के पॉइंट्समैन कैडर की रीस्ट्रक्चरिंग लागू कर दी गई है। इस फैसले से देशभर के 66 हजार से अधिक यातायात कर्मचारियों को पदोन्नति का लाभ मिलेगा।
महामंत्री शिवगोपाल मिश्रा के प्रयासों से लागू इस पुनर्गठन के तहत गेटमैन, पॉइंट्समैन, लीवरमैन, स्विचमैन और केबिनमैन के कैडर को मर्ज कर चार ग्रेड में पुनर्संरचित किया गया है।
इसी क्रम में सहायक मंडल मंत्री नरेंद्र कुमार त्यागी और शाखा सचिव शिवकुमार सक्सेना ने रेलवे यातायात ट्रेनिंग स्कूल, कचहरी हॉल्ट में मुरादाबाद मंडल से प्रशिक्षण ले रहे कर्मचारियों के साथ बैठक कर उन्हें रीस्ट्रक्चरिंग के लाभों की जानकारी दी।
नई व्यवस्था के तहत ग्रेड-1 (लेवल-5) में 4.54% यानी 3,017 पद, ग्रेड-2 (लेवल-4) में 13.63% यानी 9,052 पद, ग्रेड-3 (लेवल-2) में 27.27% यानी 18,105 पद और ग्रेड-4 (लेवल-1) में 54.55% यानी 36,214 पद निर्धारित किए गए हैं। कुल 66,388 कर्मचारियों को 3 अप्रैल 2026 से इसका लाभ मिलेगा, जबकि पदोन्नति के लिए न्यूनतम दो वर्ष की सेवा अवधि लागू रहेगी।
शाखा सचिव शिवकुमार सक्सेना ने कहा कि यह निर्णय कर्मचारियों के हित में बड़ा कदम है और इसके लिए कर्मचारी महामंत्री के आभारी हैं। उन्होंने बताया कि रेलवे की अन्य श्रेणियों में भी कैडर रीस्ट्रक्चरिंग की प्रक्रिया जारी है।
बैठक में उपस्थित कर्मचारियों ने खुशी जाहिर करते हुए यूनियन के प्रति आभार व्यक्त किया। इस दौरान पीएस तोमर, अमित कुमार, चंदा, यतेंद्र त्रिवेदी, अविनाश तिवारी, टिंकू कुमार, ओमप्रकाश सहित अन्य कर्मचारी मौजूद रहे।
