अतीश दीपंकर, ब्यूरो चीफ, पटना (बिहार), NIT:

भागलपुर जिले के कहलगांव स्थित शंकर साह विक्रमशिला महाविद्यालय में राष्ट्रीय सेवा योजना (इकाई-01 एवं 02) के तत्वावधान में ‘नशा मुक्ति युवा विकसित भारत संकल्प अभियान’ के अंतर्गत नशा मुक्ति संकल्प एवं शपथ कार्यक्रम का आयोजन किया गया।

कार्यक्रम की अध्यक्षता महाविद्यालय के प्राचार्य प्रो. (डॉ.) सुधीर कुमार सिंह ने की। अपने अध्यक्षीय संबोधन में उन्होंने कहा कि नशा व्यक्ति, परिवार और समाज—तीनों के लिए घातक है। युवाओं को नशे से दूर रहकर शिक्षा, अनुशासन, नैतिक मूल्यों तथा राष्ट्र निर्माण के कार्यों में सक्रिय भागीदारी निभानी चाहिए। उन्होंने सभी विद्यार्थियों से नशामुक्त समाज के निर्माण का संकल्प लेने का आह्वान किया।
कार्यक्रम का आयोजन राष्ट्रीय सेवा योजना के कार्यक्रम पदाधिकारी डॉ. अजय कुमार के नेतृत्व में किया गया। इस अवसर पर उन्होंने स्वयंसेवकों एवं विद्यार्थियों को नशा मुक्ति की शपथ दिलाई और कहा कि युवा शक्ति ही विकसित भारत की आधारशिला है। यदि युवा नशे से दूर रहेंगे, तभी स्वस्थ, सशक्त और विकसित भारत का निर्माण संभव होगा।
मौके पर उर्दू विभाग के प्राध्यापक डॉ. तस्लीम आरिफ ने कहा कि नशा व्यक्ति के स्वास्थ्य, चरित्र और भविष्य को नष्ट कर देता है। अंग्रेजी विभाग के प्राध्यापक डॉ. मो. सरफराज सिद्दीकी ने कहा कि नशे से दूर रहकर ही युवा अपने परिवार, समाज और राष्ट्र के प्रति अपने दायित्वों का सफलतापूर्वक निर्वहन कर सकते हैं।
हिंदी विभाग के प्राध्यापक डॉ. सितारे हिंद ने कहा कि आज विभिन्न माध्यमों में गुटखा एवं तंबाकू जैसे उत्पादों के विज्ञापन देखने को मिलते हैं, लेकिन विद्यार्थियों को ऐसे प्रचार से प्रभावित नहीं होना चाहिए। उन्होंने कहा कि सही आदर्श वही है, जो स्वस्थ जीवन, शिक्षा और राष्ट्र निर्माण की प्रेरणा दे।
कार्यक्रम का संचालन पूजा कुमारी ने किया तथा धन्यवाद ज्ञापन डॉ. सितारे हिंद ने प्रस्तुत किया। इस अवसर पर वरिष्ठ स्वयंसेवक सौरव कुमार, रॉकी कुमार, साक्षी कुमारी, दीपक कुमार सहित बड़ी संख्या में छात्र-छात्राएं उपस्थित रहे।
