संदीप तिवारी, ब्यूरो चीफ, पन्ना (मप्र), NIT:
शासकीय अस्पताल में अव्यवस्थाओं, इलाज के अभाव और लगातार हो रही मौतों के विरोध में नगर कांग्रेस कमेटी एवं ब्लॉक कांग्रेस कमेटी अमानगंज ने बड़े आंदोलन का ऐलान किया है। इस संबंध में आयोजित प्रेस वार्ता में नगर कांग्रेस अध्यक्ष वसीम खान और ब्लॉक कांग्रेस अध्यक्ष सौरभ दुबे ने स्वास्थ्य व्यवस्था पर गंभीर आरोप लगाते हुए सरकार को घेरा।
प्रेस वार्ता में वरिष्ठ कांग्रेस नेता राम भगत सोनी और धूराम चौधरी भी उपस्थित रहे। नेताओं ने आरोप लगाया कि अमानगंज अस्पताल अब इलाज का केंद्र न होकर “रेफरल सेंटर” बन गया है, जहां मरीजों को प्राथमिक उपचार तक नहीं मिल पाता और उन्हें अन्य अस्पतालों के लिए भेज दिया जाता है। उन्होंने कहा कि अस्पताल में ऑक्सीजन, विशेषज्ञ डॉक्टरों और आवश्यक सुविधाओं का अभाव है, जिससे मरीजों को गंभीर परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।
नेताओं ने यह भी आरोप लगाया कि प्रसव के लिए आने वाली महिलाओं को भर्ती करने के बजाय अन्य अस्पतालों के लिए रेफर किया जाता है। साथ ही अस्पताल में एक्स-रे मशीन होने के बावजूद विशेषज्ञ डॉक्टरों की कमी के कारण उसका समुचित उपयोग नहीं हो पा रहा है। उन्होंने यह भी कहा कि वर्तमान मौसम में सांप काटने और रेबीज के मामलों की संभावना बढ़ने के बावजूद एंटी-स्नेक वेनम और एंटी-रेबीज जैसी जरूरी दवाएं उपलब्ध नहीं हैं।
कांग्रेस नेताओं ने चेतावनी दी कि यदि व्यवस्थाएं जल्द नहीं सुधरीं तो उग्र आंदोलन किया जाएगा। इसी कड़ी में 14 जुलाई 2026 को दोपहर 3 बजे गांधी चौक से मुख्यमंत्री और स्वास्थ्य मंत्री की प्रतीकात्मक शव यात्रा निकालते हुए सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र तक मार्च किया जाएगा। इस दौरान बड़ी संख्या में कांग्रेस कार्यकर्ताओं के शामिल होने की अपील की गई है।
