अली अब्बास, ब्यूरो चीफ, मथुरा (यूपी), NIT:

धार्मिक नगरी मथुरा-वृंदावन को एक बार फिर नया नगर आयुक्त मिलने जा रहा है। भारतीय प्रशासनिक सेवा (IAS) 2020 बैच के अधिकारी ओजस्वी राज को मथुरा-वृंदावन नगर निगम का नया नगर आयुक्त नियुक्त किया गया है। प्रशासनिक अनुभव और नवाचार आधारित कार्यशैली के लिए पहचान बना चुके ओजस्वी राज के आगमन से शहर की व्यवस्थाओं में सुधार और विकास को नई दिशा मिलने की उम्मीद जताई जा रही है।
मथुरा-वृंदावन जैसे प्रमुख धार्मिक और पर्यटन स्थल में नगर आयुक्त का पद अत्यंत महत्वपूर्ण माना जाता है। यहां स्वच्छता व्यवस्था, यातायात प्रबंधन, अतिक्रमण हटाना, विकास योजनाओं का क्रियान्वयन और देश-विदेश से आने वाले श्रद्धालुओं को बेहतर सुविधाएं उपलब्ध कराना नई नगर आयुक्त के सामने प्रमुख चुनौतियां होंगी।
ओजस्वी राज का जन्म 9 जून 1992 को मेरठ (उत्तर प्रदेश) में हुआ। प्रारंभिक शिक्षा मेरठ में पूरी करने के बाद उन्होंने एचबीटीआई कानपुर से मैकेनिकल इंजीनियरिंग में बीटेक तथा दिल्ली विश्वविद्यालय से एलएलबी की डिग्री प्राप्त की। प्रशासनिक सेवा में आने से पहले उन्होंने भारतीय संसद की परीक्षा में उत्कृष्ट प्रदर्शन करते हुए नौवीं रैंक हासिल की और राज्यसभा सचिवालय में कार्यकारी अधिकारी के रूप में सेवाएं दीं।
इसके बाद संघ लोक सेवा आयोग (UPSC) परीक्षा में सफलता प्राप्त कर 227वीं रैंक हासिल की और आईएएस बने। लाल बहादुर शास्त्री राष्ट्रीय प्रशासन अकादमी (मसूरी) से प्रशिक्षण के बाद उन्होंने केंद्र और उत्तर प्रदेश सरकार में विभिन्न महत्वपूर्ण पदों पर कार्य किया। वे कौशल विकास एवं उद्यमिता मंत्रालय में सहायक सचिव और मेरठ में संयुक्त मजिस्ट्रेट भी रह चुके हैं।
बलिया में मुख्य विकास अधिकारी (CDO) के रूप में कार्य करते हुए उन्होंने स्थानीय उत्पादों को बढ़ावा देने की दिशा में उल्लेखनीय कार्य किए। उनके प्रयासों से पारंपरिक सत्तू को आधुनिक ब्रांडिंग और पैकेजिंग के साथ बाजार से जोड़ने की पहल को गति मिली, जिससे स्थानीय किसानों और रोजगार से जुड़े लोगों को लाभ पहुंचा।
अब मथुरा-वृंदावन में उनकी नियुक्ति से स्वच्छता, व्यवस्थाओं में सुधार और श्रद्धालुओं की सुविधाओं को लेकर सकारात्मक बदलाव की उम्मीद की जा रही है।
