इरशाद आलम, परासिया/छिंदवाड़ा (मप्र), NIT:

नगर पालिका परिषद कार्यालय राजनीतिक रणक्षेत्र बन गया, जहाँ कांग्रेस और भाजपा के पार्षदों व नेताओं के बीच जमकर विवाद हुआ।
पार्षदों, जनप्रतिनिधियों और नेताओं का आपसी व्यवहार बेहद शर्मनाक रहा, जिससे नगर की मर्यादा तार-तार हो गई।
पार्षद दल की सीएमओ द्वारा बुलाई गई एक अनौपचारिक बैठक के दौरान अध्यक्ष कक्ष में कांग्रेस और भाजपा के पार्षदों व नेताओं के पति-पुत्रों के बीच तीखी बहस और झगड़ा हुआ।
नगर पालिका अध्यक्ष ने आरोप लगाया कि कांग्रेस के पार्षद झगड़ालू प्रवृत्ति के हैं। वहीं कांग्रेस नेताओं ने आरोप लगाया कि भाजपा पदाधिकारियों ने नगर पालिका कार्यालय को पार्टी बैठक स्थल बना दिया है और नपा अध्यक्ष व सीएमओ कांग्रेस जनप्रतिनिधियों का सरेआम अपमान करवा रहे हैं।
कांग्रेस ने भाजपा-नीत परिषद पर जनता के लिए पानी की व्यवस्था न कर पाने का आरोप लगाया और कहा कि परिषद टैंकर से कमाई के लिए उतावली है। समय रहते बोरी बंधान नहीं किए जाने से अब शहर की जनता परेशान है।
भाजपा-नीत परिषद अपनी गलतियों का ठीकरा कांग्रेस पर फोड़ रही है।
विवाद का वीडियो जल्द ही सोशल मीडिया पर वायरल होने की संभावना है। नगर पालिका अध्यक्ष और पार्षदों सहित सभी जनप्रतिनिधियों का व्यवहार बेहद शर्मनाक रहा, जिससे शहर की छवि धूमिल हुई है।
