अबरार अहमद खान/मुकीज़ खान, भोपाल (मप्र), NIT:
10वीं और 12वीं बोर्ड परीक्षाओं को लेकर सोशल मीडिया पर फैल रहे कथित लीक पेपर और फर्जी प्रश्नपत्रों को लेकर साइबर क्राइम पुलिस भोपाल ने महत्वपूर्ण एडवायज़री जारी की है। पुलिस कमिश्नरेट भोपाल द्वारा जारी इस चेतावनी में छात्रों, अभिभावकों और आम जनता से सतर्क रहने की अपील की गई है।
एडवायज़री में बताया गया है कि हाल के दिनों में सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म, मैसेजिंग ऐप्स और अन्य माध्यमों पर बोर्ड परीक्षा से पहले लीक पेपर और प्रश्नपत्र उपलब्ध कराने के झूठे दावे किए जा रहे हैं। इससे न केवल छात्रों और अभिभावकों में भ्रम की स्थिति पैदा होती है, बल्कि कई मामलों में आर्थिक ठगी भी सामने आ रही है।
पुलिस की चेतावनी
साइबर क्राइम पुलिस ने स्पष्ट किया है कि
- किसी भी अज्ञात लिंक, ग्रुप या व्यक्ति द्वारा भेजे गए प्रश्नपत्रों को असली न मानें।
- सोशल मीडिया पर वायरल होने वाले पेपर या सॉल्यूशन फर्जी हो सकते हैं।
- पैसे लेकर प्रश्नपत्र उपलब्ध कराने वाले लोग ठग होते हैं।
- ऐसे मामलों में शामिल होना कानूनन अपराध है।
छात्रों व अभिभावकों के लिए सुझाव
पुलिस ने सलाह दी है कि
- केवल बोर्ड की आधिकारिक वेबसाइट या स्कूल/कॉलेज प्रशासन से प्राप्त जानकारी पर ही भरोसा करें।
- किसी भी संदिग्ध मैसेज या फर्जी प्रश्नपत्र की जानकारी तुरंत पुलिस या स्कूल प्रशासन को दें।
- अफवाहों से दूर रहकर परीक्षा की तैयारी पर ध्यान केंद्रित करें।
- किसी को भी पैसे देकर प्रश्नपत्र खरीदने का प्रयास न करें।
मुख्य संदेश
एडवायज़री में साफ कहा गया है कि बोर्ड परीक्षा के प्रश्न पत्र केवल परीक्षा केंद्र पर ही उपलब्ध कराए जाते हैं। सोशल मीडिया या अन्य माध्यमों से मिलने वाला कोई भी प्रश्नपत्र पूरी तरह फर्जी होता है। ऐसे लोगों से सावधान रहें और तुरंत पुलिस को सूचना दें।
साइबर क्राइम पुलिस ने नागरिकों से अपील की है कि किसी भी प्रकार की साइबर ठगी या संदिग्ध गतिविधि की सूचना नजदीकी पुलिस स्टेशन, साइबर क्राइम हेल्पलाइन नंबर 9479990636, राष्ट्रीय हेल्पलाइन 1930, या वेबसाइट cybercrime.gov.in पर दर्ज कराएं।
