सद्दाम हुसैन, लखनऊ, NIT;

पार्षद की हत्या समेत कई संगीन मामलों के विचाराधीन आरोपी सुनील शर्मा जो कोर्ट में पेशी के दौरान पुलिस कस्टडी से फरार हो गया था को लखनऊ पुलिस ने मुठभेड में मार गिराया है।
मिली जानकारी के मुताबिक लखनऊ पुलिस ने सुबह गोमतीनगर विस्तार में पुलिस कस्टडी से फरार आरोपी सुनील शर्मा को मुठभेड़ में मार गिराया है। सुनील शर्मा 8 अगस्त 2017 को कोर्ट में पेशी के दौरान पुलिस कस्टडी से फरार हो गया था। इस कुख्यात अपराधी पर व्यापारियों से वसूली कर आतंक फैलाने का भी आरोप था। इसके डर से कोर्ट में इसके विरुद्ध मुकदमों में गवाह गवाही देने तक नहीं आते थे। सलीम रुस्तम सोहराब गैंग का यह शार्प शूटर था। हत्या करना उसके लिए बच्चों का खेल था। इस अपराधी पर 15000 रुपये का इनाम भी घोषित था।
सूत्रों के मुताबिक आज सुबह पुलिस को इस अपराधी के गोमतीनगर में होने की सूचना मिली थी। जिसके बाद इंस्पेक्टर डीके शाही, आनंद शाही और गिरिजा शंकर त्रिपाठी की टीम ने घेरेबंदी कर कार्रवाई शुरू की।
पुलिस को देखते ही यह साथी के साथ बाइक लेकर भागने लगा और जब पुलिस ने पीछा किया तो उसने फायर कर दिया, जिसपर पुलिस ने जवाबी कार्रवाई की जिसमें उसे गोली लग गई। घायल अपराधी को अस्पताल ले जाया गया जहां उसकी मौत हो गई। सुनील ने कृष्णानगर के कारोबारी अजय रस्तोगी से 20 लाख की रंगदारी मांगी थी।
एसएसपी दीपक कुमार ने मीडिया को बताया कि सुनील शर्मा रुस्तम सोहराब गैंग का सबसे बड़ा शार्प शूटर था जो कुछ महीने पहले कचहरी से फरार हो गया था, जिस पर 15 हजार का इनाम था। बताया जाता है कि यह लोगों से करोड़ों की रंगदारी वसूल कर चुका था। एनकाउंटर के दौरान उसे सीने में गोली लगी थी जिससे हॉस्पिटल में उसकी मौत हो गई।
