वी.के.त्रिवेदी, लखीमपुर खीरी (यूपी), NIT;
लखीमपुर खीरी जिला के महेशपुर क्षेत्र में हिंसक वन्य जीव बाघ आदि की रोकथाम के लिये जिस समय रेंज परिसर में बैठक चल रही थी उसी समय बाघ ने एक भैंस को निवाला बनाकर वनकर्मियों को चुनौती दे डाली।
जानकारी के मुताबिक महेशपुर रेंज की देवीपुर बीट के ग्राम हरगोविंदपुर निवासी जागेश्वर प्रसाद पुत्र बिहारी अपनी छूटी हुई भैंस को पकड़ने के लिऐ भैंस का पीछा कर रहा था तभी गन्ने के खेत में बैठा बाघ भैंस को शिकार बना कर गेंहू के खेत से गन्ने के खेत में खीच ले गया। जिससे भैंस मालिक बाल बाल बच गया। सूचना पर पहुचे ग्रामीणों ने गन्ने के खेत में देखा तो वहां भैंस का आधा खाया शव मिला। आये दिन खूनी बाघ के द्वारा पशुओं पर की जा रही हिंसक घटनाओं को लेकर ग्रामीणों में दहसत व्याप्त है। घटना स्थल पर मौजूद लाल मोहम्मद, सर्वेश कुमार, कुलदीप, देवेन्द्र,जगदीश आदि ग्रामीणों का कहना है की बाघ की दहशत के कारण गन्ना छिलाई व अन्य कृषि कार्य के लिए श्रमिक नहीं मिल पा रहे है। क्षेत्र में अघोषित कर्फ्यू जैसे हालात है। शिक्षण व दैनिक कार्य प्रभावित है। रेंजर श्रीनारायण यादव ने घटना की पुष्टी करते हुए बताया कि वनकर्मी राजकुमार, कृष्ण कुमार आदि की टीम को मौके पर भेजा गया है।

हिंसक वन्य जीवों बाघ आदि की दिशा जंगल की तरफ मोड़ने , सतकर्ता बरतने , सामूहिक रूप से कार्य करने के बिंदुओं पर आधारित प्रधानों व ग्रामीणो की बैठक रेंजर श्री नरायन यादव की अध्यक्षता में रेंज पर संम्पन हुई ।जिसमें बाघ की दिशा मोड़ने में बाधक गन्ने की फसल को शीघ्र कटवाने के लिए बल दिया गया बताया कि गन्ना आयुक्त के निर्देशानुसार जिला गन्ना अधिकारी के द्वारा जंगल क्षेत्र के किसानों को शीघ्र पर्चियाँ उपलब्ध कराई जा रही है। तथा सतकर्ता की दृष्टि से सुबह शाम खेतों में न जाये, पशुओं को न चराये , समूह में काम करें, किसी भी गतविधियों की सूचना पुलिस व वन विभाग को दें। इस मौके पर एसओ सतेन्द्र कुमार सिंह, वनकर्मी ओमप्रकाश वर्मा, ब्रजेश, रामनरेश के आलावा प्रधान देवीपुर, पड़री, पलहनापुर, सुंदरपुर, मथना, रसूलपुर, मोहम्मदाबाद व ग्रामीण मौजूद रहे।
