झाबुआ ज़िले में परिजनों द्वारा रक्तदान से मना कर देने पर डॉक्टर प्रहलाद कटारा ने स्वयं रक्तदान कर बचाई बच्चे की जान | New India Times

अबरार अहमद खान, भोपाल, NIT;

झाबुआ ज़िले में परिजनों द्वारा रक्तदान से मना कर देने पर डॉक्टर प्रहलाद कटारा ने स्वयं रक्तदान कर बचाई बच्चे की जान | New India Times

राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन के संचालक श्री एस. विश्वनाथन ने झाबुआ जिले (कल्याणपुरा) के चिकित्सक डॉ. प्रहलाद कटारा को गंभीर रक्ताल्पता से पीड़ित 9 वर्षीय बालक के प्राणों की रक्षा के लिये स्वयं रक्तदान करने की प्रशंसा करते हुए प्रशस्ति-पत्र जारी किया है। डॉ. प्रहलाद आरबीएसके चिकित्सक हैं और उनके दल को यह बालक गोविंद मात्र 2 ग्राम हीमोग्लोबिन के साथ उसके गांव खुटाया में लगे आरबीएसके शिविर में मिला था।

झाबुआ ज़िले में परिजनों द्वारा रक्तदान से मना कर देने पर डॉक्टर प्रहलाद कटारा ने स्वयं रक्तदान कर बचाई बच्चे की जान | New India Timesडॉ. कटारा ने स्थिति की गंभीरता को देखते हुए बालक के पिता, परिजनों और गांव के लोगों से रक्तदान की अपील की लेकिन सभी ने मना कर दिया। डॉ. कटारा को चेकअप में पता चला कि गोविंद मलेरिया और पीलिया से भी पीड़ित है। अगर उसे तुरंत खून नहीं चढ़ाया जाता तो वह नहीं बचेगा।
श्री विश्वनाथन ने कहा कि डॉ. कटारा ने तुरंत स्वयं रक्तदान कर मासूम गोविंद के प्राणों की रक्षा का अनुकरणीय प्रयास किया है। डॉ. कटारा ने गोविंद के लिये अन्य रक्तदान-दाताओं और मलेरिया-पीलिया के इलाज की व्यवस्था की है।

By nit

प्रातिक्रिया दे

आपका ईमेल पता प्रकाशित नहीं किया जाएगा. आवश्यक फ़ील्ड चिह्नित हैं *

This site uses Akismet to reduce spam. Learn how your comment data is processed.

Exit mobile version