नरेन्द्र कुमार, ब्यूरो चीफ़, जलगांव (महाराष्ट्र), NIT:

288 निकायों में 117 पर अपने मेयर बनाकर बीजेपी महाराष्ट्र की सबसे बड़ी पार्टी बनी है। एकनाथ शिंदे और अजीत पवार के 90+ मेयर बने हैं। कांग्रेस प्रणीत महागठबंधन को 55 निकायों में मेयर सीट पर जीत मिली। महायुति के तीनों दलों के मिलाकर 207 मेयर बने हैं। 288 मेसे 171 मेयर गैर बीजेपी दलों से हैं। उत्तर महाराष्ट्र में शिवसेना ES और बीजेपी में संघर्ष संतुलन नज़र आया। जलगांव की 18 निकायों में बीजेपी केवल 08 जीत सकी। भुसावल , यावल , धरणगांव में MVA ने बाजी मारी।

बीजेपी के नेता अब सत्ता में शामिल तीनों पार्टियों की महायुति के बैनर के नीचे MVA के ख़िलाफ़ लड़ने की भाषा करने लगे है। बीजेपी नेता गिरीश महाजन के गृह नगर जामनेर में निकाय की सभी सीटों के लिए मतदान हो जाता तो क्या होता? इस पर लोग चर्चा कर रहे हैं। मंत्री पद का इस्तेमाल पार्टी को चुनाव जितवाने के मेरिट पर आधारित है तो शिवसेना एकनाथ शिंदे के मंत्री गुलाबराव पाटील को हटाकर विधायक किशोर पाटील को मंत्री बनाए जाने की मांग की जा रही है।
बीजेपी बिहार से पांच बार के विधायक नितिन नबीन को राष्ट्रीय कार्यकारी अध्यक्ष बना सकती है तो पार्टी संगठन में सात बार के विधायक गिरीश महाजन को अहम जिम्मेदारी भी दे सकती है। 15 जनवरी को 29 महानगर पालिका के लिए वोटिंग होनी है। मंत्रियों को हटाया जाएगा अथवा नहीं यह पार्टी का अंदरूनी अधिकार क्षेत्र है लेकिन राजनीतिक हलकों में साफ़ नज़र आ रहा है कि इस रिपोर्ट कार्ड से दिल्ली में हलचल बढ़ गई है।
