मोदी जी के "मन की बात" की तर्ज पर मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने "दिल से" कार्यक्रम के माध्यम से रखी अपनी बात, कार्यक्रम सुनने के लिए जगह जगह लगाया गया चौपाल | New India Times

अविनाश द्विवेदी/शेरा मिश्रा, कटनी (मप्र), NIT; ​मोदी जी के "मन की बात" की तर्ज पर मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने "दिल से" कार्यक्रम के माध्यम से रखी अपनी बात, कार्यक्रम सुनने के लिए जगह जगह लगाया गया चौपाल | New India Timesअपनों से अपनी बात करने के उद्वेश्य से मुख्यमंत्री श्री शिवराज सिंह चौहान द्वारा ’दिल से’ प्रारंभ किया गया है। जिसकी शुरुआत बलराम जयंती से मुख्यमंत्री ने की थी। जिसके बाद से प्रत्येक माह ’दिल से’ कार्यक्रम के माध्यम से मुख्यमंत्री श्री चौहान विभिन्न तपकों के लिये किये गये प्रयासों की जानकारी सहित सीधी बात करते आ रहे हैं। रविवार को महिला स्वसहायता समूह और महिला सुरक्षा विषय पर ’दिल से’कार्यक्रम में मुख्यमंत्री श्री चौहान ने बात की। आकशवाणी के सभी केन्द्रों के साथ ही दूरदर्शन मध्यप्रदेश में कार्यक्रम का सीधा प्रसारण किया गया। जिसे जिले में दूरस्थ ग्रामीण क्षेत्रों के साथ ही शहरी क्षेत्रों में भी जनमानस ने चौपाल लगाकर सुना।​
मोदी जी के "मन की बात" की तर्ज पर मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने "दिल से" कार्यक्रम के माध्यम से रखी अपनी बात, कार्यक्रम सुनने के लिए जगह जगह लगाया गया चौपाल | New India Times’दिल से’ कार्यक्रम की पहली कड़ी में मुख्यमंत्री श्री चौहान ने महिला सशक्तिकरण की दिशा में किये जा रहे कार्यों, महिला स्वसहायता समूहों के माध्यम से आत्म निर्भर हो रही महिलाओं की सफलता की कहानी भी साझा की। साथ ही राज्य सरकार द्वारा किये जा रहे प्रयासों के विषय में भी विस्तार से बताया। कई जिलों में अपना स्वयं का व्यवसाय प्रारंभ कर महिला स्वसहायता समूह के माध्यम से भी संबल बनीं महिला शक्ति की सराहना की।

जिले में नगर निगम के सामने चौपाल लगाकर शहरी नागरिकों ने मुख्यमंत्री का संवाद सुना। शहर के ग्रामीण क्षेत्रों में वृहद स्तर पर ग्रमीणजन चौपाल लगाकर मुख्यमंत्री का संबोधन सुनते हुये नजर आये। जिले की सभी जनपद पंचायतों की ग्राम पंचायतों में ग्रामीणों ने मुख्यमंत्री की ’दिल से’ बात सुनी।

जन अभियान परिषद की ग्रामों में गठित प्रस्फुटन समितियों ने भी कार्यक्रम का सीधा प्रसारण सुनाने के लिये चौपालों का आयोजन किया गया।

By nit

प्रातिक्रिया दे

आपका ईमेल पता प्रकाशित नहीं किया जाएगा. आवश्यक फ़ील्ड चिह्नित हैं *

This site uses Akismet to reduce spam. Learn how your comment data is processed.

Exit mobile version