ताहिर मिर्ज़ा, ब्यूरो चीफ, यवतमाल (महाराष्ट्र) NIT:
यवतमाल जिले में शुरू हुई वातानुकूलित शिवाई बस सेवा अब आम जनता के लिए उपलब्ध है। 44 सीटों वाली यह बस पूरी तरह प्रदूषण-मुक्त है और इसमें एयर कंडीशनिंग, मोबाइल चार्जिंग पॉइंट तथा आरामदायक सीटों जैसी आधुनिक सुविधाएं दी गई हैं।
हालाँकि, इस बस में दिव्यांग यात्रियों के लिए किराए में कोई रियायत नहीं दी जा रही है, जबकि बस की पहली पंक्ति में चार सीटें दिव्यांगों के लिए आरक्षित हैं। यह विरोधाभास लोगों में चर्चा का विषय बना हुआ है। बस कंडक्टर के अनुसार, दिव्यांगों के लिए किराया रियायत का विकल्प मशीन में उपलब्ध नहीं है, इसलिए उन्हें पूरा किराया देना पड़ता है। इससे दिव्यांग यात्रियों में गहरी नाराज़गी देखी जा रही है।
दिव्यांग यात्रियों की प्रतिक्रिया:
1️⃣ “जैसे अन्य एसटी बसों में रियायत दी जाती है, वैसे ही शिवाई बस में भी रियायत होनी चाहिए।”
2️⃣ “एसटी निगम की अन्य बसों की तरह हमें यहाँ कोई छूट नहीं मिलती। अगर हम यात्रा करना चाहें तो पूरा किराया देना पड़ता है। कई बार कठोर शब्द कहे जाते हैं, जिससे हमें बस से उतरना पड़ता है। इससे हमारी भावनाएँ आहत होती हैं और हमें कम आंका जाता है।” दिव्यांग यात्रियों ने परिवहन मंत्री से इस मुद्दे पर ध्यान देने और शिवाई बसों में भी अन्य बसों की तरह रियायत देने की माँग की है। अब यह देखना दिलचस्प होगा कि एसटी परिवहन निगम इस पर क्या निर्णय लेता है।
