फैज़ान खान, गुरुग्राम/नई दिल्ली, NIT:
मुख्यमंत्री डॉ० मोहन यादव की अगुवाई वाली मध्य प्रदेश की भाजपा सरकार की मुश्किलें बढ़ने वाली है। ग्वालियर हाईकोर्ट खंडपीठ में संविधान निर्माता भारत रत्न बाबा साहेब डॉ० भीमराव अम्बेडकर की प्रतिमा विवाद ने बड़ा तूल पकड़ लिया है। कुछ रोज पहले भीम सेना के संस्थापक एवं राष्ट्रीय अध्यक्ष नवाब सतपाल तंवर के बयान ने 4 जिलों का सिस्टम हिला कर रख दिया था।
तंवर ने कहा था कि यदि ग्वालियर हाईकोर्ट में डॉ० अम्बेडकर की प्रतिमा नहीं लगेगी तो राजस्थान के जयपुर हाईकोर्ट में भी मनु की प्रतिमा नहीं रहेगी। भीम सेना प्रमुख का यटंटह बयान बड़ा सुर्खियों में रहा था। इस बयान ने जिसने केंद्र सरकार को भी सोचने पर विवश कर दिया था। मध्य प्रदेश, राजस्थान, दिल्ली और हरियाणा तक सुरक्षा एजेंसियों की नींद उड़ा दी थी।
बसपा सुप्रीमो बहन कुमारी मायावती के बयान के बाद अब भीमसेना के ये फायर ब्रांड नेता नवाब सतपाल तंवर की ग्वालियर आने की सूचना ने एमपी सरकार की मुश्किलें बढ़ा दी हैं। भीम सेना की रणनीति को खुफिया एजेंसियां समझने में विफल हो रही हैं। राजस्थान की भीम सेना जयपुर कूच की तैयारी कर रही हैं। वहीं मध्य प्रदेश की भीम सेना ग्वालियर की तरफ बढ़ने के लिए तैयार है। सतपाल तंवर के आने की घोषणा से पूरे मध्य प्रदेश में हाई अलर्ट है।
सोमवार 26 मई को भीमसेना प्रमुख सतपाल तंवर के ग्वालियर आने की घोषणा ने प्रशासन और सरकार की नींद उड़ा दी है। तंवर ने मीडिया को वीडियो जारी करके शायराना अंदाज में कहा कि, “सुना है समंदर को बड़ा गुमान आया है, अरे उधर ही ले चलो कश्ती हमारी जिधर तूफान आया है।” भीमसेना सुप्रीमो बोले, “सब ताज उछाले जाएंगे, सब तख्त गिराए जाएंगे, इस सृष्टि में एक अम्बेडकर नाम रहेगा, बाकी उधेडेंगे जाएंगे।” तंवर का यह बयान देखते ही देखते सोशल मीडिया पर वायरल हो गया है। जिसने ग्वालियर प्रशासन की नींद उड़ा दी है।
