नरेन्द्र कुमार, ब्यूरो चीफ, जलगांव (महाराष्ट्र), NIT:

जनता के बीच नरेन्द्र मोदी सरकार की गिरती हुई छवि को सुधारने के लिए खेल और युवा कल्याण मंत्री रक्षा खडसे अविरत प्रयास कर रही हैं। खडसे कभी नॉर्थ ईस्ट के दुर्गम पहाड़ी क्षेत्रों में चली जाती हैं तो कभी दक्षिण भारतीय राज्यों में मोदी सरकार के कामकाज को जनता के बीच रखते लगती हैं। अपने काम के बूते सरकार के रकबे में जगह बनाने में रक्षा खडसे कामयाब रही है। राज्य सरकार में शामिल मंत्रियों को जामनेर के खेल स्टेडियम के लिए जमीन नहीं मिल रही है। राज्य सरकार से 10 करोड़ रुपए का फंड तिज़ोरी में आ कर वापिस जाने के फ़िराक़ में है। देवेन्द्र फडणवीस के चहेते मंत्री गिरीश महाजन ने रेलवे स्टेशन की जमीन मांगी है बदले में रेलवे को दूसरी जमीन ऑफर की गई है। इस लेन देन पर रेलवे विभाग ने आज तक कोई प्रतिक्रिया नहीं दी है। मसला केंद्र सरकार से संबंधित है अगर इस मामले में रक्षा खडसे प्रयास करेंगी तो रेलवे स्टेशन की जमीन स्टेडियम के लिए ट्रांसफर हो सकती है। जलगांव जिले के लाखों बेरोजगार बच्चों के माता पिता चाहते है कि राज्य सरकार की ओर से स्टेडियम के लिए रेलवे की जो जमीन मांगी जा रही है उस जमीन पर स्टेडियम के बजाये रेलवे की ओर से रेल विभाग से जुड़ा कोई बड़ा सरकारी कारखाना लगवाया जाए। रही बात खेल स्टेडियम की उसे फलोत्पादन विभाग की जमीन पर आसानी से बनवाया जा सकता है।

केंद्रीय खेल युवा कल्याण मंत्री रक्षा खडसे ने पुणे के केड़गाव स्थित जोग महाराज शारीरिक तालीम केंद्र पहुंचकर युवा कुश्ती खिलाड़ियो से वार्तालाप किया। भारतीय खेल प्राधिकरण पुरस्कृत तालीम केंद्र के कुश्ती खिलाड़ियो को सरकार सुविधाएं मुहैया करवाती है। इस केंद्र के खिलाड़ी राष्ट्रीय अंतराष्ट्रीय कुश्ती प्रतियोगिताओ मे देश का नाम रोशन करते आए है।
