मुबारक अली, ब्यूरो चीफ, शाहजहांपुर (यूपी), NIT:

जिलाधिकारी धर्मेंद्र प्रताप सिंह एवं पुलिस अधीक्षक राजेश एसo के कुशल नेतृत्व में लाट साहब का जुलूस हुआ संपन्न। कई दिन पहले से प्रशासन ने अधिकारियों और धर्मगुरु एवं गणमान्य नागरिक को के साथ बैठक कर जुलूस को सकुशल संपन्न कराने की रूपरेखा कर ली थी तैयार। होली वाले दिन जुम्मे की नमाज के चलते प्रशासन ने पूरी कर ली थी तैयारी। लाट साहब के जुलूस की शुरुआत बैलगाड़ी पर एक ब्रिटिश लार्ड का वेश धारण करते हुए एक व्यक्ति को सुरक्षा उपकरणों के साथ कुर्सी पर बैठा कर उस व्यक्ति पर जूता फेंकने से होती है। प्रशासन ने जुलूस मार्ग पर बैरिकेडिंग कर, कई सीसीटीवी कैमरे भी लगाए गए।
पुलिस अधीक्षक राजेश एस ने बताया कि होली पर कुल 17 जरूर शहर में निकलते हैं जिसमें से दो जुलूस प्रमुख है इन जुलूस में सुरक्षा के लिए बड़े लाट साहब के जुलूस को 3 जोन और 8 सेक्टर में बांटा गया है जिसमें लगभग 100 मजिस्ट्रेट की ड्यूटी लगाई गई है। दोनों जुलूस की सुरक्षा में 10 पुलिस क्षेत्राधिकार व 250 उप निरीक्षक समिति लगभग 1500 पुलिसकर्मी लगाए गए और पीएसी की दो कंपनियां भी जुलूस मार्क पर तैनात रही। जुलूस मार्ग पर पड़ने वाली लगभग 20 मस्जिदों को तिरपाल से ढाक दिया गया ताकि उन पर रंग ना पड़े, विद्युत ट्रांसफार्मर के पास भी बैरिकेटी लगाए गए।
लाट साहब का जुलूस कुंजलाल से शुरू होकर फूलमती मंदिर पर जाता है जहां फूलमती मंदिर में लाट साहब पूजा अर्चना करते हैं इसके बाद जुलूस कोतवाली में पहुंचता है कोतवाली में कोतवाल से पूरे साल में हुए अपराधों का ब्यौरा मांगता है जहां कोतवाल एक शराब की बोतल तथा कुछ धनराशि प्रदान करते हैं। कड़ी सुरक्षा में लाड साहब का जुलूस निकलता है। जुम्मे के दिन होली पढ़ने के कारण शहारे ईमाम ने जुम्मे की नमाज़ मस्जिदों में 2 बजे करने का ऐलान किया था जिसके चलते ज्यादातर मस्जिदों में 2 बजे जुम्मे की नमाज पढ़ाई गई।
