अबरार अहमद खान / आशीष राय, टीकमगढ़ (मप्र ), NIT;
मध्य प्रदेश के टीकमगढ़ में लगभग दो माह पूर्व एक युवती का गैंग रेप कर उसका वीडियो किलिप बनाकर सोशल मीडिया पर वायरल कर दिया गया था। इस घटना में टीकमगढ़ पुलिस ने रेप पीड़ता की शिकायत के आधार पर आना कानी करते हुये उसी रात दो लोगों को आरोपी बनाया था लेकिन आज तक उन आरोपियों को पकड़ने में पुलिस नाकाम रही है।वहीं पीड़िता का कहना है कि मेरे साथ गैंगरेप हुआ और फिर उसका वीडियो बनाकर शहर में वायरल किया गया, लेकिन आज तक ऐसा करने वालों को पुलिस नहीं पकड़ पाई। मेरी तो सारी इज्जत चली गई है। अब मेरा क्या होगा? मैं तो अपने परिवार सहित आत्महत्या करने के लिए मजबूर हो गई हूँ। मुझे लगता है कि अब मरने के अलावा मेरे पास कोई रास्ता ही नहीं बचा है। मेरे साथ हुए रेप के बाद वीडियो वायरल करने की घटना में मुझे लगता था कि पुलिस मेरे साथ ऐसा करने वालों को पकड़ कर जेल भेजेगी, लेकिन आज तक पुलिस ने इन्हें नहीं पकड़ा है, अब मेरा पुलिस पर से भरोसा उठ चुका है।
इस घटना को तूल पकड़ता देख कर एसपी कुमार प्रतीक ने तत्काल कोतवाली थाना प्रभारी को बदलकर जतारा थाना प्रभारी नवल आर्या को कोतवाली की जिम्मेदारी दी है। अब देखना यह है कि थाना प्रभारी के बदलने के बाद क्या पीड़ित को न्याय मिल पाता है…?
सरकार की मंशा पर पानी फेरती टीकमगढ़ पुलिस
राजधानी में हुए गैंगरेप के मामले के बाद से प्रदेश सरकार ने ऐसी घटनाओं पर तत्काल कार्यवाही कर आरोपियों को जेल में डालने की बात की है। प्रदेश के मुखिया ने तो यह तक कहा है कि जिस जिले में लड़कियों के मामलों में लापरवाही की गई, तो उस जिले के एसपी पर गाज गिरेगी, लेकिन सरकार की इन बातों के बाद भी टीकमगढ़ पुलिस को कोई फर्क नहीं पड़ा है। सरकार के मंसूबों पर पानी फेरने में टीकमगढ़ जिले की पुलिस तैयार है। अगर इस तरह की कार्यप्रणाली पुलिस की रही तो स्वभाविक है कि आगामी विधानसभा चुनाव में भाजपा को नुकसान झेलना पड़ सकता है।
