मेहलक़ा इक़बाल अंसारी, ब्यूरो चीफ, बुरहानपुर (मप्र), NIT:

खंडवा लोकसभा संसदीय क्षेत्र से भाजपा के उम्मीदवार एवं सिटिंग मेंबर ऑफ़ पार्लियामेंट ज्ञानेश्वर पाटिल ने कांग्रेस पार्टी के उम्मीदवार नरेंद्र पटेल को लगभग 2.70 लाख से पटखनी देकर अपनी ऐतिहासिक जीत दर्ज की है। वैसे तो इस संसदीय क्षेत्र में लगभग एक दर्जन से अधिक उम्मीदवार अपनी क़िस्मत आज़मा रहे थे, लेकिन मुख्य मुकाबला भारतीय जनता पार्टी के उम्मीदवार एवं सिटिंग सांसद ज्ञानेश्वर पाटिल और कांग्रेस पार्टी को उम्मीदवार नरेंद्र पटेल के दरम्यान था।
बुरहानपुर के सीनियर एडवोकेट मनोज कुमार अग्रवाल ने भी प्रबल दावेदारी का कहा था। पिछले विधान सभा चुनाव में बुरहानपुर के कांग्रेसी नेताओं के द्वारा कांग्रेस का खेला किए जाने से एवं इस संसदीय क्षेत्र में कांग्रेस नेताओं के आपसी तालमेल न होने के कारण उभरती गुट बाज़ी से निपटने के लिए कांग्रेस पार्टी ने खंडवा बुरहानपुर के कांग्रेसी नेताओं को दरकिनार करते हुए कांग्रेस नेता नरेंद्र पटेल को अपना प्रत्याशी बनाया था।
नरेंद्र पटेल की उम्मीदवारी के साथ सियासी पंडितों ने उसी दिन यह अंदाज़ा लगा लिया था कि कांग्रेस पार्टी यहां से अपनी जीत दर्ज नहीं कर पाएगी। मध्य प्रदेश कांग्रेस कमेटी के पूर्व प्रदेश अध्यक्ष एवं यहां से लोकसभा के सांसद रहे अरुण यादव द्वारा उम्मीदवारी से इनकार किए जाने पर एवं नरेंद्र पटेल के नाम की सिफ़ारिश पर उन्हें उम्मीदवार घोषित किए जाने पर यह माना जा रहा था कि दोनों पार्टियों का दरमियां अंदरुनी तौर पर सैटिंग या समझौता हो गया है और ज्ञानेश्वर पाटिल की जीत सुनिश्चित है।
