मेहलक़ा इक़बाल अंसारी, ब्यूरो चीफ, बुरहानपुर (मप्र), NIT:

जायंट्स ग्रुप आफ बुरहानपुर सहेली की ओर से मदर्स डे पर निःशुल्क स्वास्थ्य शिविर आयोजित किया गया, जिसमें महाराष्ट्र के डॉक्टर आशीष राठी एवं श्रीमति आशीष राठी एवं उनकी टीम ने शिरकत करके घुटने के दर्द सर्वाइकल से पीड़ित पेशेंट्स का परीक्षण किया। साथ ही प्रारम्भिक जांच में शुगर बीपी की जांच भी की गई। कैंप को सम्बोधित करते हुए संस्था अध्यक्ष श्रीमती अंजू काटरवार ने कहा कि ज़िंदगी देने वाली मां ज़िंदगी की पहली शिक्षक मां, हर घर परिवार की आधार शिला है। मां बिना ज़िंदगी अधूरी है। ईश्वर के बाद हम सबकी सृष्टिकर्ता है मां। हम सबका दुख हरने वाली मां को शत शत नमन।
कार्यक्रम को संबोधित करते हुए शिक्षा विद एवं प्राचार्या डॉ निकहत अफ़रोज़ ने कहा कि मां शब्द एक ऐसा शब्द है जिसके बोलने से दिल में प्यार और खुशी की लहर आ जाती है। मां पूरी दुनिया है। हज़ारों ऋषि मुनियों की दुआ पर एक मां की दुआ भारी होती है। मां का कोई मोल नहीं। मां अनमोल है। उपाध्यक्ष श्रीमती सरोज ठाकुर ने कहा कि किसी भी दर्द दुख सुख में सबसे पहला अक्षर मां ही आता है। जिंदगी देने वाली मां ही होती है। जिंदगी को संवारने वाली मां ही होती है। इस अवसर पर सह उपाध्यक्ष इशरत शकील सिद्दीकी, आसिया मंसूरी, सुहानी ठाकुर, शगुफ्ता आदि उपस्थित थे।
