अविनाश द्विवेदी, भिंड ( मप्र ), NIT;
लहार थाना प्रभारी रामबाबू यादव के कार्यभार संभालने के साथ ही रेत माफियाओं पर की गई ताबडतोड कार्रवाई से रेत माफियाओं में हडकंप मचा हुआ है।
सूत्रों से मिली जानकारी के मुताबिक़ रेत माफियाओं के गले की फांश बने थाना प्रभारी पर दबाव बनाने के लिए कई बार फर्जी वीडियो और फ़ोटो वायरल की जा चुकी है। बताया जाता है कि थाना प्रभारी को बदनाम करने की साजिश अभी भी की जा रही है। हर बार मुह की खाने के बाद भी रेत माफ़िया बार बार थाना प्रभारी को बदनाम करने के लिए पुरजोर कोशिश कर रहे हैं। आज एक बार फिर मटयावली रेत खदान पर रेत माफ़िया पुलिस को देखकर भागते नजर आए। इसी भागम भाग में एक ट्रैक्टर रोड से नीचे चला गया जिससे वह क्षति ग्रस्त हो गयी। उसी ट्रैक्टर की फ़ोटो के सहारे आज फिर थाना प्रभारी महोदय को बदनाम करने का अनोखा कृत्य देखने को मिला।
सूचना पर पहुँचे थाना प्रभारी
लहार थाना प्रभारी रामबाबू यादव को एक ग्रामवासी द्वारा सूचना दी गयी कि आपके द्वारा जो गड्ढे खुदवाये गए थे उन्हें भरकर कुछ लोग रेत का अवैध परिवहन कर रहे हैं। सूचना पर तत्काल थाना प्रभारी मय फोर्स के खदान पर पहुंचे तो अवैध रूप से उत्खनन कर रहे ट्रैक्टरों के ड्राइवरों ने ट्रैक्टर बचाने के चक्कर में ऊबड़ खाबड़ में पटक दिया जिससे कुछ ट्रैक्टरों को नुकसान हुआ और उस पर आरोप यह लगाया गया कि थाना प्रभारी महोदय ने तोड़ फोड़ की है। थाना प्रभारी को फंसाने के लिये इसके अलावा भी कई प्रकार के षड्यंत्र रचे जा रहे हैं।
जब भी मैंने कार्यवाही की है तभी कुछ न कुछ दबाब बनाया गया है, मैं तो बस इतना ही चाहूंगा कि जिसे भी मेरी कार्यवाही पर कोई शक हो वह कभी भी मेरे साथ चलकर या गुप्त रुप से जो हकीकत हो उसे प्रकाशित करें: रामबाबू यादव, थाना प्रभारी लहार
