सतयावनी का "झाड़ोद" भी अब महिलाओं के सम्मेलन के नूर से चमकेगा, 1 अक्टूबर को होगा कायमखानी महिला सम्मेलन | New India Times

अशफाक कायमखानी, जयपुर, NIT; ​सतयावनी का "झाड़ोद" भी अब महिलाओं के सम्मेलन के नूर से चमकेगा, 1 अक्टूबर को होगा कायमखानी महिला सम्मेलन | New India Timesविश्व व्यापी मंदी के बाद अरब मे पिछले दो साल से छाई भयंकर मंदी का राजस्थान की किसान प्रवृति व देहाती परिवेश में रहने वाली मुस्लिम समुदाय की कायमखानी बिरादरी को समय रहते मंदी का अहसास होते ही बिरादरी की महिलाओं ने युवा भाइयों की मदद लेकर फिजुल खर्च व कुरीतियों के खिलाफ जन जागरण अभियान चलाने की शुरुवात पिछले महिने बीस अगस्त से सीकर जिले के भींचरी गावं से करने के बाद महिलाओ ने पीछे मुड़कर देखने के बजाय अपने कदमों को तेजी के साथ आगे बढाते हुये पहली अक्टूबर को सत्यावनी के झाड़ोद गांव में विशाल कायमखानी महिला सम्मेलन आयोजीत करके कड़े फैसले लेने को आतूर नजर आ रही हैं।​​
सतयावनी का "झाड़ोद" भी अब महिलाओं के सम्मेलन के नूर से चमकेगा, 1 अक्टूबर को होगा कायमखानी महिला सम्मेलन | New India Timesनागोर जिले के डीडवाना तहसील में नामी गिरामी रहे कप्तान मरहुम महम्दू खां व कमांडेट बक्सू खां के गांव झाड़ोद में आस पास के क्षेत्र की बडी तादात में महिलाएं एक अक्टूबर को जमा होकर समाज को तरक्की की राह दिखान के मकसद से इंशाअल्लाह फिर से एक सुनहरा इतिहास लिखने जा रही हैं।

कुल मिलाकर यह है कि इस तरह के कायमखानी महिला सम्मेलन आयोजीत करने की शुरुवात जो सीकर जिले के भींचरी गांव में बीस अगस्त को हुई थी, उसके बाद चौबीस अगस्त को नागोर जिले के पायली में, सात सितम्बर को मंगलुना में, पन्द्रह सितम्बर को फिर पायली में, चौबीस सितम्बर को नेछवा व लाडनू में कायमखानी महिला सम्मेलन आयोजीत होने के बाद अब एक अक्तुबर को झाड़ोद गावं मे आयोजीत होने जा रहा है। अब तक हुये सभी कायमखानी महिला सम्मेलनों में सभी वक्ता व श्रोता महिलाऐ ही रही है। हां साइड मे लगे टेंट में पुरुष बैठकर सम्मेलन में वक्ताओ का भाषण सुनने के साथ पहले सभा स्थल बनाने व उसके बाद सभा स्थल को पुरानी स्थिती में लाने के अलावा अन्य इंतजाम जरुर करते हैं।

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