फराज अंसारी, बहराइच ( यूपी ), NIT;
उत्तर प्रदेश में योगी सरकार बनने के बाद भी सरकारी विभागों में रिश्वतखोरी व मनमानी पर लगाम नहीं लग पाई है। पुलिस थानों का हाल यह है कि कोई गरीब पुलिस को चढावा चढाए बिना कोई भी शिकायत दर्ज नहीं करवा सकता है। ताज़ा मामला बहराइच के थाना रामगांव क्षेत्रान्तर्गत का सामने आया है।
मिली जानकारी के मुताबिक़ पीडित महाजन उर्फ मंशाराम पुत्र सांवली प्रसाद व पीडित बूढ़ी मां निवासी मनिकापुर, खसहा मोहम्मदपुर को मन्दिर में पूजा करने से मना करते हुये ग्राम के ही विपक्षी कृपादयाल, ओमप्रकाश, सुरेश ने एकजुट होकर काफी मारापीटा और बूढ़ी मां की कान से जेवर व पेंशन का एक हजार रूपया छीन कर गांव से उजाड़ने और जान माल की धमकी भी दिया गया। जिसके सन्दर्भ पीडित ने थाना रामगांव में लिखित प्रार्थनापत्र दिया था जिसपर कोई कार्यवाई नहीं हुयी जिस पर पीडित अपनी बूढ़ी मां के साथ दिनांक21/08/2017 को पुलिस अधीक्षक कार्यालय जा कर पुलिस उपाधीक्षक से मिलकर अपनी व्यथा बता कर विरोधियों पर उचित कार्यवाई कराने का प्रार्थनापत्र दिया है जिसपर पुलिस उपाधीक्षक ने कार्यवाई कराने का आश्वासन दिया है। बताया जाता है कि यहां कोई शिकायत दर्ज कराने के लिए या तो रिश्वत देनी पडती है या ऊंची राजनीतिक पहुंच का प्रेशर बना पडता है। मतलब यहां इंसाफ मिलता नहीं है बल्कि खरीदना पड़ता है।
