अविनाश द्विवेदी, भिंड ( मप्र ), NIT;
भिंड जिला अस्पताल में स्टाफ नर्स, मेट्रेन के पद काफी लंबे समय से खाली चले आ रहे हैं, जिसे प्रशासन अभी तक पूरी नहीं कर पाई है। भिंड जिला अस्पताल में स्टाफ नर्स के 138 पद हैं, जिसमें से केवल 30 स्टाफ नर्स ही उपस्थित हैं अभी भी 108 स्टाफ नर्स के पद खाली हैं। इतना ही नहीं जिला अस्पताल में मेट्रन के तीन जगह है जिसमें से केवल एक उपस्थित है व दो खाली हैं। सिविल सर्जन अजीत मिश्रा ने 2 महीने ही पूर्व भोपाल संचालक जे एल मिश्रा को पत्र में स्टाफ की कमी की समस्या को बताया था जिसके भी पिछले महीने 17 स्टाफ नर्सों के ट्रांसफर कर दिए गए।
स्टाफ की कमी का खामियाजा मरीजों को उठाना पड़ रहा है। स्टाफ की कमी के कारण मरीजों का सही से इलाज नहीं मिल पा रहा है। हर स्टाफ नर्स को 10 से 12 घंटे की ड्यूटी करनी पड़ रही है जबकि एक स्टाफ नर्स की ड्यूटी 6 घंटे की होती है।
अस्पताल की बिगड़ी व्यवस्थाओं को देखते हुए हमें हर स्टाफ नर्स से 10 से 12 घंटा ड्यूटी करानी पड़ रही है क्योंकि ग्रामीणों से जो लोग आ रहे हैं उनको मायूस होकर जिला अस्पताल से नहीं लौटना पड़े और उनको अच्छे से अच्छा सुविधा दी जाए: डॉक्टर अजीत मिश्रा, सिविल सर्जन जिला अस्पताल भिंड
