संविदा स्वास्थ्य कर्मचारियों की गिरफ्तारी पर एनएसयूआई मेडिकल विंग ने आक्रोश जताते हुए सीएम हाउस घेराव करने की दी चेतावनी | New India Times

अबरार अहमद खान/मुकीज खान, भोपाल (मप्र), NIT:

संविदा स्वास्थ्य कर्मचारियों की गिरफ्तारी पर एनएसयूआई मेडिकल विंग ने आक्रोश जताते हुए सीएम हाउस घेराव करने की दी चेतावनी | New India Times

मध्य प्रदेश की राजधानी भोपाल में पिछले 11 दिनों से संविदा स्वास्थ्य कर्मचारी अपनी मांगों को लेकर धरने पर बैठे थे।
शनिवार को प्रदर्शनकारियों ने स्वास्थ्य मंत्री प्रभुराम चौधरी को घेर लिया। इसके बाद पुलिस ने प्रदर्शनकारियों को वहां से हटा दिया। साथ ही साथ दो कुछ लोगों को गिरफ्तार कर ले गई। कई घंटों थाने में बिठाए रखने के बाद देर रात पुलिस ने उन्हें जेल भेज दिया। संविदा स्वास्थ्य कर्मचारियों को जेल भेजे जाने पर एनएसयूआई मेडिकल विंग ने आक्रोश जताते हुए सीएम हाउस घेराव की चेतावनी दी है।

एनएसयूआई मेडिकल विंग के पूर्व प्रदेश समन्वयक रवि परमार ने मीडिया से चर्चा करते हुए कहा कि संविदा स्वास्थ्य कर्मचारीयों द्वारा उनकी नियमितीकरण और अन्य जायज मांगों को लेकर शांति पूर्वक प्रदर्शन विगत 11 दिनों से किया जा रहा था। शनिवार को जेपी अस्पताल का निरीक्षण करने पहुंचे स्वास्थ्य मंत्री प्रभुराम चौधरी के समक्ष वह अपनी बात रखना चाह रहे थे, लेकिन मंत्री ने बात तो नहीं सुनी लेकिन गाड़ी बदलकर ज़रूर वहां से रफू चक्कर हो गए। उसके बाद मंत्री के निर्देश पर पुलिस दो दर्जन से अधिक संविदा स्वास्थ्य कर्मचारीयों को गिरफ्तार कर हबीबगंज थाने ले गई। उनके खिलाफ प्रकरण दर्ज कर आठ लोगों को जेल भेज दिया गया।

रवि परमारने कहा कि, ‘धरना स्थल पर भी प्रशासन द्वारा गिली मिट्टी डलवा दी जिससे की संविदा स्वास्थ्य कर्मचारी दुबारा धरना शुरू ना कर सकें लेकिन में शिवराज सरकार से कहना चाहता हूं कि ये धरना रूकने वाला नहीं हैं संविदा स्वास्थ्य कर्मचारीयों के साथ हम आगे आकर मुख्यमंत्री निवास का घेराव करेंगे।’ उधर हबीबगंज थाने के बाहर बड़ी संख्या में एनएसयूआई मेडिकल विंग के कार्यकर्ता और संविदा स्वास्थ्य कर्मचारी जुट गए हैं। वे पुलिस से मांग कर रहे हैं कि संविदा कर्मियों को तत्काल छोड़ा जाए। हालांकि, प्रशासन ने आठ लोगों का मेडिकल जांच कराकर उन्हें जेल भेज दिया है।

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