फराज़ अंसारी, ब्यूरो चीफ, बहराइच (यूपी), NIT:

विजयदशमी दशहरे के शुभ अवसर पर मौसम ने पूरे उत्सव को किरकिरा कर दिया. मालूम हो कि सुबह से ही रिमझिम रिमझिम बारिश होना शुरू हुई तो जो शाम तक लगातार जारी रहा जिसकी वजह से दशहरा मेला देखने जाने वाले बच्चों के मुंह पर उदासी छाई. गरीब रिक्शा चालक, ऑटो चालक, ठेला लगाकर चाय, पकौड़ी, फल, गुब्बारे बेचने वाले दुकानदारों के मन उदास हो गये. दशहरे के दिन मेलों में खोमचे, ठेले लगाकर अच्छे पैसे कमाने वाले सभी के चेहरे पर उदासी छाई थी, इसी तरह रामलीला मैदान में पानी में भीगते हुए रावण खड़ा था, ऐसे बरसात में कैसे रावण दहन होगा यह रामलीला कमेटी के पदाधिकारी चिंतित थे परंतु रामलीला के कमेटी के पदाधिकारियों ने बताया कि रावण का दहन हर हाल में होगा और बारिश रुकेगी और रावण का दहन होगा. रामलीला संपन्न होगी शाम होते-होते सूर्यास्त तक बारिश धीमी हुई और रावण का दहन धूमधाम से संपन्न हुआ. इस दौरान रामलीला मैदान में उप जिलाधिकारी ज्ञान प्रकाश त्रिपाठी, थाना प्रभारी मोतीपुर मुकेश कुमार सिंह, चौकी इंचार्ज कस्बा उमेश चंद्र व पुलिस एसएसबी के महिला, पुरुष जवान उपस्थित थे तथा रामलीला कमेटी के संरक्षक हरगोविंद पांडेय, अध्यक्ष जुगल किशोर पोरवाल, निशांत अग्रवाल, अरविंद चौधरी, अरुण दीक्षित, हरि अग्रवालं, राम आशीष सोनी आदि संभ्रांत नागरिक उपस्थित रहे।
इस दौरान किसानों का भी काफी नुकसान बेमौसम बरसात से हुआ है. कुछ किसानों ने तैयार धान काट दिया था जोकि अब वह पानी में भीग गया. इसी तरह पकी हुई धान की फसल को भी नुकसान होगा किसानों ने बताया कि आगामी रबी की फसल में लेट होगा तथा तैयार धान के लिए बहुत ही नुकसानदायक है यह बरसात, अगर हवाएं चल गईं तो नुकसान बढ़ सकता है।
यह बारिश श्रावस्ती, गोंडा, बलरामपुर, बहराइच, लखनऊ, लखीमपुर सहित लगभग पूरे प्रदेश में हुई है।
