अबरार अहमद खान/मुकीज खान, भोपाल/नई दिल्ली, NIT:

जमीअत उलेमा हिंद के अध्यक्ष मौलाना महमूद मदनी ने पैगंबर का अपमान करने वाले टी राजा सिंह की पीडी एक्ट के तहत पुनः गिरफ्तारी को कानून-व्यवस्था की दृष्टि से आवश्यक कार्रवाई बताया है और कहा है कि ऐसे अपराधियों को धार्मिक गुलदस्तों का देश भारत कभी माफ नहीं करेगा।
ज्ञात हो कि पीडी एक्ट एक ऐसा कानून है जो पुलिस द्वारा कुख्यात और समाज के लिए खतरनाक अपराधियों को एक वर्ष की अवधि के लिए जेल में बंद रखने के लिए इस्तेमाल किया जाता है। इस अधिनियम के अंतर्गत गिरफ्तारी को लेकर जमीयत उलेमा आंध्र प्रदेश और तेलंगाना की जिला इकाईयों ने 12 स्थानों पर कलेक्टर से मुलाकात कर के उन्हें ज्ञापन सौंपा। इसके साथ ही टी राजा सिंह के खिलाफ आठ जगहों पर एफआईआर दर्ज कराई गई।
इस संबंध में जमीयत उलेमा आंध्र प्रदेश और तेलंगाना के अध्यक्ष मौलाना हाफिज पीर शब्बीर अहमद और महाप्रबंधक हाफिज पीर खलीक साबिर ने बताया कि जिस दिन से इस गुस्ताख व्यक्ति ने अपमानजनक शब्द कहे हैं, जमीयत उलेमा के सेवकों ने विभिन्न जिलों के अधिकारियों से मिल कर उन्हें ज्ञापन सौंपा जिसमें पीडी एक्ट के तहत कार्रवाई की मांग सबसे ऊपर थी। साथ ही प्रदेश की जमीयत उलेमा ने मुख्यमंत्री केसीआर, राज्य के गृह मंत्री आदि को पत्र लिख कर तहसीन पूनावाला मामले में सुप्रीम कोर्ट के निर्देशानुसार राज्य में एक ऐसा कानून बनाने की मांग की है जिसके तहत घृणा फैलाने वाले भाषणों के दोषियों को वास्तव में सजा मिले।
जमीयत उलेमा की मांग पर पुलिस प्रशासन ने धारा 41 ए नोटिस के अनुसार कार्रवाई करते हुए आरोपी को गिरफ्तार किया है। ज्ञात हो कि इस अनुच्छेद के अंतर्गत कार्रवाई न करने के कारण हीपिछली बार तकनीकी आधार पर आरोपी को जमानत मिल गई थी। इस बीच जमीयत उलेमा हिंद ने सभी वर्गों से शांति-व्यवस्था बनाए रखने और किसी भी धार्मिक पेशवा के विरुद्ध अपमानजनक शब्द कहने से बचने की सलाह दी है।
