सरवर खान जरीवाला, भोपाल, NIT;
मध्य प्रदेश की राजधानी भोपाल के क्षेत्रीय परिवहन कार्यालय का हाल बेहाल है। गंदगी को देखकर ऐसा लगता है कि यहां स्वच्छ भरत अभियान का कोई असर नहीं है।
बताया जाता है कि अक्सर इस परिवहन कार्यालय में अधिकारी तो होते नहीं हैं, बस सब कुछ बाबुओं और भगवान भरोसे चलता रहता है यह परिवहन कार्यालय। यहां मोटर मालिक परेशान होते रहते हैं। जिनकी लाखों रुपए की मोटर रोड पर चल रही है वहीं परमिट के लिए परेशान होते हैं।
आरोप है कि बाबुओं का यहां यह आलम है बगैर पैसे की कोई काम नहीं करते हैं।यहां फाइलों की जांच भी प्राइवेट लड़के करते हुए नजर आते हैं और उनके माध्यम से यहां रिश्वतखोरी का खेल चलता रहता है।
कुल मिलाकर यहां कार्यालय के स्वच्छता पर ध्यान न देकर मोटर मालिकों की जेब की स्वच्छता पर विशेष ध्यान दिया जाता है।
