आसिम खान, ब्यूरो चीफ, छिंदवाड़ा (मप्र), NIT:

अपनी शिक्षा पूरी करने के बाद युवा कौन सा कार्य-व्यवसाय चुनें, अधिक से अधिक रोजगार उपलब्ध हो और वे अपने सुखद व सुरक्षित भविष्य का निर्माण कर सकें, इन प्रमुख उद्देश्यों को लेकर आयोजित कैरियर मेले में नगर सहित जिले के हजारों छात्र- छात्राओं व बेरोजगार युवाओं ने मार्गदर्शन प्राप्त किया। प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री कमलनाथ एवं जिले के सांसद नकुलनाथ की प्रेरणा से आयोजित इस कैरियर मेले में देश के ख्याति प्राप्त विषय विशेषज्ञों ने उपस्थित छात्रों एवं उनके अभिभावकों को समुचित दिशा दी।
स्थानीय दशहरा मैदान में आयोजित कैरियर मेले में देश के विभिन्न महानगरों से आए प्रोफेसर, मोटीवेटर्स व विषय विशेषज्ञों के छिंदवाड़ा आगमन पर अपनी प्रसन्नता व्यक्त करते हुए प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री कमलनाथ ने अपने उद्बोधन में कहा कि मप्र विधानसभा में जारी सत्र में उन्हें विशेष रूप में उपस्थित होना है परन्तु वहां जाने से पूर्व उन्होंने कैरियर मेले को प्राथमिकता दी। युवाओं का मार्गदर्शन व उन्हें रोजगार के लिए प्रेरित करते हुए कमलनाथ ने कहा कि पुरानी और नई पीढ़ी की सोच में आज बहुत अंतर है। 42 साल पहले कोई आवेदन देने वाला नहीं मिलता था और यदि कोई आवेदन देना चाहे तो लिखने वाला नहीं मिलता था। परन्तु आज के दौर में 95 प्रतिशत युवा पीढ़ी सोशल मीडिया से जुड़ चुकी है। इस अवसर पर उन्होंने शिक्षा और ज्ञान में अंतर बताते हुए कहा कि शिक्षा केवल स्कूल या कॉलेज के बाद समाप्त हो जाती है, परन्तु ज्ञान जीवनभर प्राप्त किया जा सकता है और ज्ञान के बिना कुछ भी संभव नहीं। उन्होंने आगे कहा कि हमारे युवा इंटरव्यू देने जाते हैं परन्तु इंटरव्यू कैसे पास करें यह एक बड़ी चुनौती है। ऐसी ही चुनौतियों से निपटने की सीख इस कैरियर मेेले में मिलेगी. उन्होंने समस्त छात्रों से कहा कि वे इस मेले में लगाए गए सभी स्टॉलों पर जाएं और सभी प्रोफेसर से सीख लें। कमलनाथ ने कहा कि आज छिंदवाड़ा में देश के सर्वाधिक स्किल सेंटर हैं जबकि एक दौर था कि लोग कहते थे कि इसकी क्या आवश्यकता है। परन्तु समय की गति को कोई रोक नहीं सकता। आज जिले के हजारों युवा इसका लाभ ले रहे हैं। श्री कमलनाथ ने इस अवसर पर समस्त प्रोफेसर का धन्यवाद करते हुए कहा कि आपने छिंदवाड़ा आकर हमारे छिंदवाड़ा का मान बढ़ाया है, यहां घूमकर देखें कि प्रदेश के अन्य जिलों से हमारा जिला अलग क्यूं है। उन्होंने यह भी कहा कि छिंदवाड़ा की सोच निराली है इसीलिए यह सबसे अलग भी है। उन्होंने सभी छात्रों से आयोजित मेले का पूरा लाभ उठाने की बात भी कही।
