संदीप शुक्ला, ब्यूरो चीफ, ग्वालियर (मप्र), NIT:

कोविड़ महामारी के दूसरे लहर ने आपदा, अराजकता और बहुत जीवन को नष्ट कर दिया है और ऐसा मानते हैं कोरोना महामारी ने शहर को जकड़ लिया है। यहाँ हर तीसरा-चौथा व्यक्ति संक्रमित निकल रहा है। गोपाल किरन समाजसेवी संस्था समुदाय की मदद का कार्य मानव सेवा ही ध्येय को लेकर विकास के लिए समर्पित होकर विपरीत परिस्थिति में लोगों की सेवा कार्य में कार्यरत है।
श्री एस.बी. हंसपुरिया (निज सहायक पुलिस महानिरीक्षक, ग्वालियर जोन, महिला अपराध), श्रीप्रकाश सिंह निमराजे, अध्यक्ष, गोपाल किरन समाजसेवी संस्था, जहाँआरा, विडियो वोलेंटियर सामुदायिक संवाददाता, गोवा, संस्था में शासकीय योजनाओं के विषय विशेषज्ञ श्री रामप्रसाद बसेडिया, श्री रणवीर सिंह (जिला न्यायालय, ग्वालियर), श्री अजमेर सिंह राजे (पार्षद, छावनी बोर्ड, मुरार, श्री रविंद्र कुमार (एक्सन फ़ूड प्रोडेक्शन यूनिट 5), भवानी राज (मुन्ना) आदि अतिथि एवं विशेष अतिथि के रूप में संस्था कार्यलय न्यू मोहन नगर, थाटीपुर ग्वालियर पर उपस्थित रहे।
कोरोना काल के इस संकट की घड़ी में लोग आर्थिक तंगी से जूझ रहे हैं. प्रायः सभी व्यवसाय बंद हैं, दैनिक जीवन अस्त व्यस्त है ऐसे में ग्वालियर में मजदूर, ठेला चालक, वृद्ध, दिव्यांग, काम की तलाश में आये बाहर से आये मजदूर परिवार, बिना नौकरी के फंसे हुये प्रवासी कामगारों, बेघर लोगों, घुमंतू समूहों और अन्य वंचित समुदायों के लिए जिनकी किसी को परवाह नहीं है उनको तथा दैनिक वेतन भोगी को ठीक से काम नहीं मिल पा रहा जिससे उनकी हालात दिनों दिन बद से बदतर होती जा रही है। संस्था ने उनकी जरूरतों को पहचान कर जरूरत मंद लोगों की पहचान कर ऐसे जरूरतमंद परिवारों को राशन किट वितरण संस्था कार्यालय न्यू मोहन नगर, थाटीपुर ग्वालियर में प्रदान की।
प्रारंभ में अतिथियों के हाथों को श्रीमती राधा सेनी, श्रीमती मंजू मसोरिया ने सेनिटाईज कराया।
इस अवसर पर श्री एस.बी. हंसपुरिया ने अपने विचार मैं कहा जो व्यक्ति मन से हार जाता है और थक कर बैठ जाता है उसकी हार सदैव निश्चित रहती है। वहीं एक मन से दृढ़ संकल्प व्यक्ति तब तक नहीं बैठता जब तक वह जीत नहीं जाता। यह सिद्धान्त कोरोना के संदर्भ में भी लागू होता है। हमको तब तक हार नहीं मानना जब तक वह जीत नहीं जाता। इस जुनून को बनाए रखने के लिए जरूरी है कि मनुष्य में कार्य के करने की ललक सदैव बनी रहे। जिस व्यक्ति का मन शांत होता है, जो व्यक्ति बोलते और अपना काम करते समय शांत रहता है, वह वही व्यक्ति होता है जिसने सच को हासिल कर लिया है और जो दुःख-तकलीफों से मुक्त हो चुका है। आग्रह किया है कृपया घर में ही रहें, कोविड-19 के नियमों का पालन करें।

श्रीप्रकाश सिंह निमराजे अध्यक्ष गोपाल किरन समाज सेवी संस्था ने कहा कि आपका विचार ही आपके भविष्य का सहयोगी है। कोरोना से जंग में इंसानी जिंदगी की विजय तभी होगी जब हम खुद के साथ दूसरों का भी ख्याल रखेंगे। कोरोना से बचाव के लिए वैक्सीन अवश्य लगवाएं। मगर इसके लिए पंजीकरण सरकारी पोर्टल कोविन पर ही कराएं। टीकाकरण के लिए फर्जी संदेशों पर दिए गए लिंक का इस्तेमाल न करें! आगे शब्द व्यक्त करते निमराजे ने कहा कि 2 गज की दूरी मास्क है जरूरी। अपने हाथों को दिन में पांच से छः बार साबुन से धोएं। कोरोना से बचाव के लिए वैक्सीन अवश्य लगवाएं। किसी भी प्रकार के भ्रम व अफ़वाह से बचें, कोरोना का टीका जरूर लगवाएं, मगर इसके लिए पंजीकरण सरकारी पोर्टल कोविन पर ही कराएं। टीकाकरण के लिए फर्जी संदेशों पर दिए गए लिंक का इस्तेमाल न करें। दरअसल, इस समय फर्जी कोविड-19 टीका पंजीकरण एसएमएस भेजकर उपयोगकर्ता के एंड्रॉयड फोन में सेंध लगाई जा रही है और यूजर्स के डाटा तक पहुंच बनाई जा रही है। उन्होंने कहा कि फर्जी कोविड-19 टीका पंजीकरण एसएमएस भेज उपयोगकर्ता के फोन में सेंध लगाई जा रही है। ऐसे नुकसानदेह एसएमएस के पांच प्रकारों का पता चला है। इनसे बचा जाना चाहिए। उन्होंने कहा कि आंकड़े बताते हैं कि जिन लोगों का वैक्सीनेशन हुआ है उनको कोरोना इंफेक्शन होने की दर सिर्फ 0.03% है ऐसा कहा कहा गया है।, व इससे शरीर पर द्वितीय चरण के कोविड-19 का असर भी कम होता है। इस कठिन समय में घर पर रहकर खाली बेठना कई लोगों के लिये मुशिकल होता जा रहा है। ऐसे में अपने सामने एक लक्ष्य रखें, जिससे इस मुशिकल वक्त को काटने में मदद मिलेगी। यह एक अच्छा मौका है जब आप वह सीख सकते है, जो कई साल से वक्त की कमी के चलते नही सीख पाये थे। जीवन में लक्ष्य बनाना जरूरी है, जो हर दिन को एक राह दिखाये कि आज क्या करना हैं। लक्ष्य बनाये वरना बहुत मुशिकल होगा इस वक्त को काटना।
सभी से अनुरोध करते हुए श्री अजमेर सिंह राजे ने कहा कि शासन वास्तविक रूप से लाभ समाज के अंतिम लोगों तक देना चाहती है तो पहले योजना बनाये उसके बाद ही घोषणा करे। जो योजना चल रही है उससे लाभ ले। कहा कि कोरोना का टीका जरूर लगवाएं।संस्था में शासकीय योजनाओं के बिषय विशेषज्ञ श्री रामप्रसाद बसेडिया ने काढ बनाने उसके उपयोग पर चर्चा की।लॉकडाउन में संकटग्रस्त जरूरतमंद परिवारों संस्था का “ चरण
-2” अभियान में 58 जरूरतमंद परिवारों को राशन दिलवाया गया। राशन किट पूरे परिवार के लिए दी गई जो कि कम से कम 7 दिनों के लिए होगी। इसमें चावल, आटा, दाल, तेल, शक्कर, सिमरिया, साबुन और अन्य आवश्यक चीजें आदि युक्त चीजे की किट में रखी गई और कपड़े के थेले में रखकर निःशुल्क प्रदान की गई जिसमें ज्यादातर मुस्लिम की बस्तियों के परिवार के लोग शामिल रहे। प्लास्टिक मुक्त शहर रहे इसी सोच को कपड़े के थेले बनवाये ओर लाॅक डाउन में घर में रहकर संस्था ने महिलाओं को काम दिया और एक नई पहल का आगाज किया।
अपील
दानदाताओं से सहयोग की अपील
संस्था के इस अभियान में खुले दिल से अपने सामर्थ्य के अनुसार दान करें ताकि अधिक से अधिक जरूरतमंदों की मदद की जा सके। संस्था में दान राशि पर आयकर अधिनियम 80G के तहत इनकम टैक्स में छूट होगी। अंत में भगवान बुद्ध के विचार अपने स्वामी स्वयं बनो
सबका मंगल हो, सबका भला हो, सभी सुखी रहें,क्षस्वस्थ रहें, इसी भावना के साथ आज के जरूरतमंद के साथ किये गये प्रयास की समाप्ति की। जहाँआरा ने बताया हमने मौजूदा हालतो मै सं स्था के प्रयासों को एक नया रणनीतिक रूप दिया है।
इस अवसर पर बबलू गुर्जर (आरक्षक), भूपेंद्र शर्मा (आरक्षक), संजय सोलंकी, श्रीमती सीमा सोलंकी पेकिंग का कार्य स्वयंसेवक के रूप मे देख रहे जयजीत सिंह, आकंक्षा ने भी इस दौरान सक्रिय रूप से भागीदारी की। संस्था की ओर से एस. बी. हं सपुरिया जी को कोई भी पीछे न छूटे संदेश युक्त स्मृति चिन्ह श्रीप्रकाश सिंह निमराजे, जहाँआरा ने भेंट किया।
इस प्रयास में नागरिक सुरक्षा समिति, प्रतीक/नाईन इन माईन, जिला बाल अधिकार फोरम, ग्वालियर, वीडियो वोलेटियर के स्वयंसेवक सहयोग कर रहे हैं। कोविड़ से प्रभावित जरूरतमंद परिवारों को श्रीमती संगीता शाक्य (मुख्य संरक्षक), श्रीप्रकाश सिंह निमराजे, श्रीमती प्रीती मालवीय (इन्दोर), शशी आर.सी. कुरील (कवियत्री) जबलपुर, शिवशरण मंडराई (भोपाल), श्री आर. एस. बघेल, श्रीमती पदमजा शंकर, हरिपुरम शंकर, सांक्षी शर्मा, आर.ए. मित्तल के सहयोग से खाद्यान किट का किया जा रहा है। आज मख्य रूप से जहांआरा, न्यू महिला सशक्त समिती, श्रीप्रकाश सिंह निमराजे, श्री आर. पी. बसेडिया के सहयोग से किया किया गया। संचालन व आभार जहाँआरा ने किया।
