वी.के.त्रिवेदी, ब्यूरो चीफ, लखीमपुर-खीरी (यूपी), NIT:

मोहम्मदी में एकदिवसीय टिश्यू कल्चर, केला गोष्ठी एवं किसान सम्मान समारोह का शुभारंभ जिलाधिकारी शैलेंद्र कुमार सिंह ने फीता काटकर किया। कार्यक्रम में विशेषज्ञों द्वारा केले की आधुनिक एवं वैज्ञानिक तकनीक से उत्पादन पर परिचर्चा हुई।
जिलाधिकारी शैलेंद्र कुमार सिंह ने गोष्ठी को संबोधित करते हुए कहा खीरी कृषि प्रधान जनपद है।किसान भाई फसल चक्र पर ध्यान देकर उसे अपनाएं। केला आपके मन को शांत करता है। विटामिन का अपार भंडार है केला। एक केला रोज खाओ और बीमारी को दूर भगाओ। केले की उन्नतशील खेती करके बढ़-चढ़कर के अपने स्तर को आगे बढ़ाए, इसकी खेती में अपार संभावनाएं है। उन्होंने कहा कि किसान अपने खेतों की मिट्टी का अवश्य परीक्षण कराए। गेहूं धान एवं गन्ना खेती के अतिरिक्त अन्य फसलों के उत्पादन में रूचि दिखाएं। सरकार ने केले की खेती के भी बीमा करने की व्यवस्था की है।जिला उद्यान अधिकारी दिग्विजय कुमार ने जिले में केले के क्षेत्र में उन्नति के प्रबल संभावनाएं है। उन्होंने मौजूद किसानों को उद्यानिकी सहित विभिन्न क्षेत्रों में कृषि की प्रजातियां एवं उसके उत्पादन पर विस्तार से चर्चा की। उन्होंने कहा कि फसल चक्र अपनाकर किसान भाई सब्जी और फलों का उत्पादन करें। स्वास्थ्य चक्र की चर्चा करते हुए उन्होंने फल एवं सब्जी उत्पादन पर जोर दिया। उन्होंने राष्ट्रीय कृषि विकास योजना के संबंध में जानकारी देते हुए बताया कि इसके माध्यम से इकाई लागत पर 40 प्रतिशत अनुदान दिए जाने की व्यवस्था है। उन्होंने प्रधानमंत्री कृषि सिंचाई योजना के विषय में जानकारी देते हुए बताया इसके माध्यम से इकाई लागत पर अस्सी से नब्बे प्रतिशत अनुदान प्राप्त कर सकते हैं। उन्होंने कहा कि उक्त दोनों योजनाएं किसानों के लिए वरदान साबित हो रही हैं।
कार्यक्रम में शैलेन्द्र सिंह जिलाधिकारी ने केले की खेती करने वाले उन्नतशील किसानों को सम्मानित किया।कार्यक्रम के उपरांत प्रगतिशील किसान आर.के. सिंह की उन्नतशील केले की खेती डीएम ने देखी।
कार्यक्रम में उप जिलाधिकारी मोहम्दी स्वाति शुक्ला, जिला उद्यान अधिकारी दिग्विजय कुमार सहित, प्रगतिशील किसान आर.के. सिंह सहित क्षेत्र के बड़ी संख्या में किसान मौजूद रहे जिनमें केला किसानों की संख्या खासी अच्छी रही।
