सरवर खान जरीवाला, भोपाल, NIT;
भोपाल का खान शाकिर अली मार्केट, एक जाना पहचाना नाम, जहां पर मनपा के द्वारा जबरदस्त चालानी कार्रवाई की जा रही है। इस कार्रवाई के तहत आज से 3 दिन पहले ₹1000 जुर्माना किया गया था। दुकानदरों के साथ साथ चाय के ठेले वालों पर भी ₹1000 जुर्माना किया गया था।एक चाय वाला 1000रु कितनी मुश्किल से कमाता है इसका अंदाजा लगाया जा सकता है। 3 दिन बाद फिर एक ऐसी खतरनाक कार्रवाई ठेले वालों से लेकर दुकानदारों तक पर ₹5000 जुर्माना लगाया गया। सरकार इससे क्या जताना चाहती है? सरकार गरीबी दूर करना चाहती है या गरीबों को ही दूर करना चाहती है?
100 रुपए कमाने वाला मामूली ठेलेवाला ₹5000 का चालान कटवा कर अपने बच्चों को भूखा मारेगा या फिर खुद किसी दिन शिकार हो जाएगा।
ठेला व्यापारी और दूसरे व्यापारियों से जब NIT संवाददाता ने बात की तो उनका कहना था कि यह अतिक्रमण के नाम पर कार्रवाई की जा रही है जबकि यह मार्केट 40 साल पुराना है। 40 साल पहले से किसी भी अधिकारी या किसी नेता को कोई अतिक्रमण नहीं दिखाई दिया जो आज अचानक अधिकारियों की नींद खुली है और आनन फानन में चालानी कार्रवाई को अंजाम दे रहे हैं। मार्केट के अध्यक्ष शरीफ का अदालत में केस चल रहा है और अदालत का केस चलते हुए यह चालानी कार्रवाई क्यों की जा रही है ???
