वी.के.त्रिवेदी, लखीमपुर-खीरी (यूपी), NIT:

तहसील मोहम्मदी के सभागार में जिलाधिकारी शैलेन्द्र कुमार सिंह की अध्यक्षता एवं क्षेत्रीय अधिकारी, उत्तर प्रदेश प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड डाॅ. राम करन एवं उपजिलाधिकारी मोहम्मदी श्रीमती स्वाति शुक्ला की उपस्थित में उत्तर प्रदेश प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड लखनऊ द्वारा पर्यावरणीय स्वीकृति हेतु जन लोक सुनवाई का आयोजन किया गया। सर्वप्रथम वेदांता लिमिटेड के केयर्न आॅयल एवं गैस विभाग के प्रतिनिधियों ने मौजूद गणमान्य एवं आमजनों को लोक जनसुनवाई में अभिनन्दन एवं स्वागत करते हुए बताया कि वेदांता लिमिटेड भारत में हाइड्रोकार्बन उत्पादन करने वाली एक बड़ी कम्पनी है। यह देश में विगत 20 वर्षो से अधिक समय से इस क्षेत्र में काम कर रही है। वेदांता लि0 को हाइड्रोकार्बन की खोज, मूल्यांकन एवं विकास और दोहन के लिए राजस्व साज्ञा अनुबंध के तहत भारत सरकार द्वारा ब्लाक संख्या: जीवी ओएनएचपी-2017/1 आंवटित किया गया है। जिसका कुछ भाग जनपद खीरी के मोहम्मदी, गोला गोकर्णनाथ, बाकेगंज तथा लखीमपुर तहसील के अन्तर्गत आता है। जनपद लखीमपुर-खीरी के अन्तर्गत आने वाले ग्रामों किरियारा, हरिहरपुर, खन्जन नगर, लौकीखेड़ा, फरेंदा, पड़रिया, सरैयाविलियम, चंदामऊ, कौरियालोहाराम, बाबूपुर ग्रंट नं0 11 सम्मिलित हैं। इन सम्मिलित गांवों के आमजनों को इस लोक जनसुनवाई में आंमत्रित किया गया। उल्लेखनीय है कि जनपद के इन गांवों में तेल एवं गैस के भण्डार पाये जाने की प्रबल संभावना है जिसके दृष्टिगत इन ग्रामों में मेसर्स वेदांता लि0 द्वारा खुदाई की जानी है। प्रस्तावित ब्लाॅक से भूमिगत तेल एवं गैस कि खोज तथा मूल्याकंन करने हेतु भारत सरकार के पर्यावरण एवं वन मंत्रालय नई दिल्ली द्वारा जारी अधिसूचना दिनांक 14.09.2006 एवं संशोधित 01.12.2009 के अनुसार जनसुनवाई की आवश्यकता है। जिसके लिए क्षेत्रीय अधिकारी, उत्तर प्रदेश प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड ने सूचना को दो प्रमुख अखबारों में 24 नवम्बर 2019 को प्रकाशन कराया गया तथा अन्य माध्यमों से आमजन को सूचित किया गया। वेदांता लि0 ने इस ब्लाॅक का विस्तृत पर्यावरण अध्ययन करके एक ईआईए रिर्पोट का ड्राफ्ट तैयार करवाया है तथा उसे क्षेत्र के प्रमुख कार्यालयों में उपलब्ध कराया गया है।
