सुहेल फ़ारूक़ी, मुंबई, NIT;
मुंबई से लगे वसई-विरार शहर के कई इलाकों मनपा के द्वारा अभी पानी की पाइप लाइन से पानी आपूर्ति नहीं हो रहा है। जिस कारण लाखों लोग पानी के बोरवेल और टैंकरों पर निर्भर हैं। लेकिन इस समय कई इलाकों में बोरवेल सूख चुके हैं और कई सूखने के कगार पर हैं, जिस कारण लाखों लोगों के सामने पानी की गंभीर समस्या उत्पन्न हो गई है। लोग बूंद-बूंद पानी को तरस रहे हैं। ऐसे में बहुजन विकास आघाडी के नगरसेवक व प्रभाग समिति एफ के सभापति अब्दुल हक पटेल ने पहल करते हुए मनपा के द्वारा सभी प्रभावित इलाकों में पानी के टैंकर की व्यवस्था करवाने की तरफ कदम बढाया है।
इसी कार्यक्रम के तहत नालासोपारा पूर्व के श्रीराम नगर में अब्दूल हक पटेल ने इस योजना का उद्घाटन किया है। शुक्रवार से ही श्रीराम नगर में टैंकर से पानी की आपूर्ति शुरू कर दी है। इस कार्यक्रम से पानी के लिए जूझ रहे शहरियों को उम्मीद की किरण नजर आ रही है कि उन्हें भी पानी के टैंकरों से पानी मुहैया कराई जाएगी।
विदित रहे कि वसई-विरार शहर में आईएएस आयुक्त सतीश लोखंडे के पदभार ग्रहण करने के बाद से अब तक सैकड़ों एकड सरकारी जमीनों को खाली करवाया गया है और साथ ही अवैध निर्माण के खिलाफ सख्त आदेश दिए गए हैं। जिस की लोग सराहना कर रहे हैं लेकिन गरीबों के लिए कुछ खास काम नहीं किया गया है। बल्कि कई इलाकों में आयुक्त के आदेश की आड लेकर भ्रष्ट मनपा अधिकारी गरीबों को जबरन घरों से बाहर निकाल कर उनके आशियानों को ध्वस्त कर चुके हैं। आज भी जो गरीबों के इलाके हैं वहां न तो पक्की सडकें हैं और न नाली गटर की सुचारू व्यवस्था। पीने के पानी की आपूर्ति तो दूर की बात है। आज सब से ज्यादा यही गरीबों के इलाके उपेक्षा के शिकार हैं। अब देखना यह है कि मनपा आयुक्त और मनपा शासन- प्रशासन इन इलाकों में कब नजरे करम करते हैं ???
