इम्तियाज़ चिश्ती, भोपाल/नई दिल्ली, NIT:

आगामी लोकसभा चुनाव को लेकर मौजूदा मोदी सरकार की मुश्किलें कम होने का नाम नहीं ले रही हैं। अब मध्यप्रदेश के हजारों संत लामबंद होकर भाजापा को खुली चुनौती दी है साथ ही कांग्रेस को भी चेताया है। अखाड़ा परिषद के महा मंडलेशर स्वामी बैरागयानंद गिरी के नेतृत्व में संतों ने दिल्ली में कांग्रेस के वरिष्ठ नेता ज्योतिरादित्य सिन्धिया से मुलाकात कर मुरैना से कांग्रेस की टिकिट बलबीर सिंह डंडोतिया को देने की मांग की है और भाजापा नेता नरेंद्र सिंह तोमर के खिलाफ सड़कों पर आ गए।

मध्यप्रदेश के बीते विधानसभा चुनाव में जिस तरह से आचार्य प्रमोद कृष्णम और कम्प्यूटर बाबा की अगुवाई में शिवराज सरकार को उखाड़ फेंकने के लिए बिगुल बजाया था और वो कामयाब भी हुए थे ठीक उसी तर्ज पर अब अपने अपने मठों, आश्रमों और गुफाओं से निकलकर साधु सन्यासी, संत, महात्मा एक बार फिर आगामी लोकसभा चुनाव के समीकरण बना और बिगाड़ सकते हैं। जी हाँ अब जो आआवज उठाई है वह हैं अखाड़ा परिषद के महा मंडलेशर स्वामी बैरागयानंद गिरी महाराज जो अपने साथ 20 हजार संतों के साथ कांग्रेस के समर्थन में उतर आए हैं और इनका मक़सद मध्यप्रदेश के मुरैना से भाजापा प्रत्याशी नरेंद्र सिंह तोमर को करारी मात देना और कांग्रेस से बलबीर सिंह डंडोतिया को टिकट दिलवाना है। इन्होंने दिल्ली पहुंचकर सिन्धिया को चेतावनी भी दी है कि अगर संतों की मांग नहीं मानी गई तो कांग्रेस को इसका खमियाजा भी उठाना पड़ सकता है।
