गुलज़ार अहमद, ब्यूरो चीफ मैनपुरी (यूपी), NIT:

बाबा इंटरनेशनल स्कूल कोसोन, घिरोर के 11 वर्षीय छात्र छोटे से गांव नाहिली के निवासी नारायण चौहान ने जम्मू में 8 से 18 दिसंबर के बीच आयोजित हुई सीनियर नेशनल शतरंज प्रतियोगिता में एक बार फिर साबित कर दिया है कि सफलता के लिए उम्र और संसाधन नहीं हुनर मायने रखता है। नारायण चौहान प्रतियोगिता में सबसे अधिक रेटिंग अंक हासिल करने वाले प्रथम तीन खिलाड़ियों में शामिल रहे जिन्होंने अपनी रेटिंग में सबसे अधिक इजाफा किया। इस प्रतियोगिता के माध्यम से उनकी रेटिंग में 121 की बढ़ोतरी हुई। प्रतियोगिता में हिस्सा ले रहे सभी खिलाड़ियों में नारायण चौहान सबसे कम उम्र के खिलाड़ी रहे। 27 प्रदेशों के 165 खिलाड़ियों ने प्रतियोगिता में हिस्सा लिया। इसके अतिरिक्त रेलवे, पेट्रोलियम, एअर इंडिया, एल आई सी, ओ एन जी सी, ऑर्डन्स आदि जैसी टीमों के खिलाड़ी भी प्रतियोगिता में शामिल रहे। जिसमे 20 ग्रैंडमास्टर तथा 23 इंटरनेशनल मास्टर सहित 50 से अधिक टाइटल वाले खिलाड़ी शामिल रहे। यह प्रतियोगिता भारत के शतरंज इतिहास की सबसे कठिन और श्रेष्ठ प्रतियोगिता मानी जाती है।
नारायण चौहान रेटिंग 1592 ने जम्मू के 63 वर्षीय शशीपाल शर्मा रेटिंग 2011, आंध्रप्रदेश 20 वर्षीय के मुरसिनी अजय 1957 तथा अंडमान निकोबार के 47 वर्षीय सतीश पी एस 1418 को हराया तथा कर्नाटक के सन्तोष कश्यप एच जी 1905, उ0 प्र0 के ऋषभ निषाद 1898, महाराष्ट्र के हर्षल पाटिल 1748 और केतन पाटिल 1767 एवं पेट्रोलियम के हार्दिक झा 1879 के साथ ड्रा खेलकर अपनी रेटिंग में 121 रेटिंग अंकों का इजाफा किया। प्रतियोगिता ओ एन जी सी तमिलनाडु के ग्रैंडमास्टर अरविंद चिदंबरम ने जीती।
