ताहिर मिर्ज़ा, उमरखेड (महाराष्ट्र), NIT;
उमरखेड नप के सभी उर्दू स्कूलों में अनेक वर्षों से शिक्षकों की कमी से छात्रों के शिक्षण का जो नुकसान हो रहा है उस पर नगर परिषद प्रशासन के साथ अनेक नेता भी सिर्फ अपनी चमक धमक वाली राजनीती में मदहोश हैं। विशेष कर पिछले कुछ महीने पहले जिलाधिकारी की ओर से नप उर्दू विघियालय पर 2 खाली पदों पर आरक्षित वर्ग पर जगह निकाली थी लेकिन पद भर्ती के सभी प्रतिक्रिया के लिए नप उमरखेड को ज़िम्मेदारी दी गई थी, मगर नप उमरखेड के गलत तरीके से पद संख्या की भर्ती को अमरावती शिक्षक संचालक ने अवैध बता कर इस भर्ती को रोक दिया है। इस बड़ी गलती से नप के काम पर संदेह नज़र आ रहा है तथा उस समय इस भर्ती में नप के कुछ भरष्ट नेता अपनी आर्थिक रोटी बनाने में लगे थे ऐसी चर्चा ज़ोरों पर थी।
इस गंभीर समस्या को स्टुडेंट इस्लामी आर्गेनाइजेशन इंडिया यूनिट उमरखेड की ओर से सभी उर्दू स्कूलों में शिक्षकों की कमी तथा हर स्कूली में पानी फ़िल्टर ,एन सी सी केम, स्पर्धा परीक्षा के साथ अनेक मांगों को लेकर एक निवेदन नप मुख्याधिकारी तथा शिक्षण सभापति को दिया गया है।निवेदन देते समय उमरखेफ एस आई ओ यूनिट की ओर से सभी पदाधिकारी मौजूद थे।
