मेहलक़ा इक़बाल अंसारी, ब्यूरो चीफ, बुरहानपुर (मप्र), NIT:
श्री दिगम्बर जैन समाज बुरहानपुर द्वारा आयोजित समवशरण महामंडल विधान के निर्विघ्न एवं सफलतापूर्वक संपन्न होने पर जैन समाज ने जिला प्रशासन, पुलिस प्रशासन, नगर निगम तथा प्रिंट एवं इलेक्ट्रॉनिक मीडिया के पत्रकार बंधुओं के प्रति हृदय से आभार व्यक्त किया है। समाज ने कहा कि इस भव्य एवं ऐतिहासिक धार्मिक आयोजन की सफलता में जिन महानुभावों ने प्रत्यक्ष अथवा अप्रत्यक्ष रूप से सहयोग प्रदान किया है, उनके योगदान को जैन समाज जीवनभर नहीं भुला पाएगा।
यह आयोजन परम पूज्य 108 मुनिश्री कुन्थुसागर जी महाराज के सानिध्य तथा समवशरण महामंडल विधान के प्रतिष्ठाचार्य धीरज भैया एवं शोभित भैया के मार्गदर्शन में नगर की महापौर माधुरी अतुल पटेल के स्वामित्व वाली ग्रीन पार्क कॉलोनी स्थित कुन्थु नगर में निःशुल्क उपलब्ध कराई गई भूमि पर संपन्न हुआ। विश्व शांति एवं धर्म प्रभावना के उद्देश्य से आयोजित इस विधान का निर्विघ्न समापन पूरे समाज के लिए हर्ष और गौरव का विषय रहा।
समाज ने विशेष रूप से जिला कलेक्टर विवेक कुमार, जिला पुलिस अधीक्षक आशुतोष बागरी, नगर पुलिस अधीक्षक विनोद सिंह कुशवाह, एसडीएम पल्लवी पौराणिक, नगर निगम आयुक्त संदीप श्रीवास्तव सहित विभिन्न विभागों के अधिकारियों एवं कर्मचारियों के सहयोग की सराहना की। साथ ही प्रिंट एवं इलेक्ट्रॉनिक मीडिया से जुड़े सभी पत्रकार बंधुओं का विशेष आभार व्यक्त किया। समाज ने कहा कि पत्रकार साथियों ने आयोजन की प्रतिदिन की गतिविधियों और समाचारों को जन-जन तक पहुंचाकर महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। प्रशासन और मीडिया समाज का ऐसा आईना हैं, जिनके माध्यम से सकारात्मक कार्यों और जनहित से जुड़े प्रयासों को व्यापक पहचान मिलती है। जैन समाज ने सभी से भविष्य में भी इसी प्रकार प्रेम, सहयोग और आशीर्वाद बनाए रखने की अपेक्षा की है।
समाज के प्रमुख कार्यकर्ता महेंद्र जैन एवं प्रमोद जैन ने बताया कि बुरहानपुर की धरती पर पहली बार 25 समवशरणों की संरचना तैयार कर उन्हें भव्य स्वरूप प्रदान करना अपने आप में एक अनूठा और ऐतिहासिक कार्य रहा। चातुर्मास के दौरान विराजमान मुनिश्री 108 कुन्थुसागर जी महाराज के पावन सानिध्य में समाज के अनुयायियों ने मात्र 10 से 12 दिनों के अल्प समय में इस कल्पनातीत आयोजन को साकार कर दिखाया। उन्होंने कहा कि इस कार्य में बुरहानपुर जिले के जैन समाज के प्रत्येक उस व्यक्ति का योगदान रहा, जिसने तन, मन और धन से सहयोग प्रदान किया।
उन्होंने इस अभूतपूर्व सफलता का श्रेय जैन धर्म के 24 तीर्थंकरों की कृपा को समर्पित करते हुए कहा कि उनके आशीर्वाद से ही बुरहानपुर की पावन धरा पर ऐसा पुण्यकारी एवं ऐतिहासिक धार्मिक आयोजन संभव हो सका, जिसकी कल्पना भी समाज के लोगों ने पहले नहीं की थी। उन्होंने कहा कि जहां श्रद्धा होती है, वहीं धर्म का वास होता है। मुनिश्री कुन्थुसागर जी महाराज भी सदैव प्रेरणा देते हैं कि सच्चे और अच्छे मन से किए गए कार्यों पर प्रभु की कृपा के साथ गुरुजनों का आशीर्वाद भी अवश्य बना रहता है।
समाज द्वारा गठित चातुर्मास समिति के माध्यम से संपूर्ण आयोजन की व्यवस्थाएं एवं संचालन किया गया। आयोजन की अभूतपूर्व सफलता पर चातुर्मास समिति ने जिला प्रशासन, पुलिस प्रशासन, नगर निगम, मीडिया प्रतिनिधियों, सहयोगकर्ताओं एवं समस्त जैन समाज के प्रति पुनः हृदय से आभार व्यक्त किया।
