मो. मुजम्मिल, जुन्नारदेव/छिंदवाड़ा (मप्र), NIT:

तामिया में कलेक्टर हरेंद्र नारायन ने जनसमस्या निवारण शिविर में सुनीं ग्रामीणों की समस्याएं, 7 हितग्राहियों को सौंपे संपत्ति के मालिकाना हक के दस्तावेज | New India Times

मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव की मंशा के अनुरूप जनसंवाद के माध्यम से समस्याओं के समाधान और लोकसेवाओं को सुगम बनाने के उद्देश्य से संचालित मुख्यमंत्री जन विश्वास अभियान के तहत शुक्रवार, 16 अक्टूबर 2026 को कलेक्टर हरेंद्र नारायन, पुलिस अधीक्षक अजय पांडे, जिला पंचायत के मुख्य कार्यपालन अधिकारी अग्रिम कुमार सहित विभिन्न विभागों के जिला स्तरीय अधिकारियों की टीम जुन्नारदेव विधानसभा क्षेत्र के अंतर्गत जनपद पंचायत तामिया पहुंची। इस दौरान अधिकारियों ने सबसे पहले क्षेत्र की विभिन्न शासकीय संस्थाओं का निरीक्षण कर व्यवस्थाओं का जायजा लिया। इसके बाद सभी अधिकारी सामुदायिक भवन तामिया में आयोजित खंड स्तरीय जनसमस्या निवारण एवं जनसंवाद शिविर में पहुंचे और ग्रामीणों की समस्याएं सुनीं। इस दौरान क्षेत्र के उद्यमियों से भी संवाद किया गया। शिविर में जनप्रतिनिधियों की उपस्थिति में स्वामित्व योजना के तहत तहसील तामिया के 7 हितग्राहियों को उनकी संपत्ति के मालिकाना हक से संबंधित दस्तावेज सौंपे गए।

तामिया में कलेक्टर हरेंद्र नारायन ने जनसमस्या निवारण शिविर में सुनीं ग्रामीणों की समस्याएं, 7 हितग्राहियों को सौंपे संपत्ति के मालिकाना हक के दस्तावेज | New India Times

पाण्डुपिपरिया डबल लॉक केंद्र का निरीक्षण

मुख्यमंत्री जन विश्वास अभियान 2026 के अंतर्गत पाण्डुपिपरिया स्थित डबल लॉक खाद वितरण केंद्र के निरीक्षण के दौरान कलेक्टर नारायन ने खाद की उपलब्धता, वितरण व्यवस्था और किसानों को खाद वितरित करने की प्रक्रिया का जायजा लिया। उन्होंने अधिकारियों को खाद वितरण व्यवस्था सुचारु बनाए रखने तथा किसानों को किसी प्रकार की असुविधा न होने देने के निर्देश दिए।

उपस्थित किसानों से चर्चा के दौरान खाद के ई-टोकन की बुकिंग के लिए ऑनलाइन सेंटरों द्वारा 50 रुपये लिए जाने की जानकारी सामने आई। इस पर कलेक्टर ने स्पष्ट निर्देश दिए कि निर्धारित शुल्क 15 रुपये से अधिक राशि वसूलने वाले ऑनलाइन सेंटरों के विरुद्ध कार्रवाई की जाए। साथ ही कृषि विभाग के अमले को गांव-गांव में शिविर लगाकर किसानों को मोबाइल के माध्यम से ई-टोकन बुक करने का प्रशिक्षण देने के निर्देश दिए।

कलेक्टर ने किसानों को खेतों की उर्वरा शक्ति बनाए रखने और रासायनिक उर्वरकों के दुष्प्रभावों से बचने के लिए कृषि वैज्ञानिकों की सलाह के अनुसार संतुलित मात्रा में ही उर्वरकों का उपयोग करने की समझाइश भी दी।

नेताजी सुभाष चंद्र बोस आवासीय बालिका छात्रावास का निरीक्षण

नेताजी सुभाष चंद्र बोस आवासीय बालिका छात्रावास तामिया के निरीक्षण के दौरान छात्राओं के शयन कक्षों में पर्याप्त वेंटिलेशन नहीं होने और सीलन पाए जाने पर कलेक्टर ने कड़ी नाराजगी जताई। आवश्यक मरम्मत कार्य के लिए बजट आवंटन के संबंध में शासन स्तर पर समुचित समन्वय नहीं करने तथा छात्राओं को उपलब्ध कराई जा रही सुविधाओं में लापरवाही पाए जाने पर उन्होंने जिला शिक्षा अधिकारी के प्रति नाराजगी व्यक्त की और कार्रवाई प्रस्तावित करने की चेतावनी दी।

छात्रावास में साफ-सफाई, स्वच्छता, पानी की व्यवस्था और रसोईघर की स्थिति संतोषजनक नहीं पाए जाने पर कलेक्टर ने नाराजगी जताई। उन्होंने छात्रावास अधीक्षिका कौशल्या नागेश्वर और एपीसी अनुराधा श्रीवास्तव को कारण बताओ नोटिस जारी करने के निर्देश दिए।

वीरांगना रानी दुर्गावती नवीन आदिवासी कन्या आश्रम का निरीक्षण

कलेक्टर ने वीरांगना रानी दुर्गावती आदिवासी कन्या आश्रम (अंग्रेजी माध्यम), तामिया का भी औचक निरीक्षण किया। इस दौरान रसोईघर, साफ-सफाई और शयन कक्षों की व्यवस्थाएं संतोषजनक पाई गईं। हालांकि, शौचालयों में नल के माध्यम से पानी की उपलब्धता नहीं होने पर उन्होंने नाराजगी जताई और पानी की टंकी तक पाइपलाइन की मरम्मत शीघ्र कराकर नियमित जलापूर्ति सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।

इस दौरान उन्होंने छात्राओं से संवाद कर सवाल-जवाब के माध्यम से उनकी भाषा और विषय संबंधी जानकारी का आकलन किया। छात्राओं का भाषाज्ञान संतोषजनक पाया गया, लेकिन सामान्य ज्ञान का स्तर अपेक्षाकृत कमजोर मिलने पर उन्होंने छात्राओं में प्रतिदिन अखबार पढ़ने की आदत विकसित करने और अध्यापन के माध्यम से उनका सामान्य ज्ञान बढ़ाने के निर्देश दिए।

सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र और पोषण पुनर्वास केंद्र का निरीक्षण

सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र तामिया के निरीक्षण के दौरान कलेक्टर ने विशेष रूप से दवाइयों की उपलब्धता और चिकित्सकों की उपस्थिति की जानकारी ली। इस संबंध में उन्होंने जनपद अध्यक्ष श्रीमती तुलसा परतेती से भी फीडबैक प्राप्त किया। स्वास्थ्य केंद्र की बाहरी दीवार पर गंदगी पाए जाने पर उन्होंने नाराजगी जताई और बीएमओ को साफ-सफाई तथा स्वच्छता के उचित मानकों का पालन सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।

इसके बाद उन्होंने स्वास्थ्य केंद्र परिसर में संचालित पोषण पुनर्वास केंद्र का निरीक्षण किया। यहां भर्ती बच्चों की माताओं से संवाद कर उन्हें बच्चों को केंद्र से घर ले जाने के बाद भी मच्छरों से बचाने और उनके खान-पान के दौरान स्वच्छता बनाए रखने की समझाइश दी।

कलेक्टर ने कहा कि बच्चों की कई बीमारियां अस्वच्छता और संक्रमण से जुड़ी होती हैं। स्वच्छता का ध्यान रखकर इनसे बचाव किया जा सकता है और बच्चों को स्वस्थ रखा जा सकता है।

सांदीपनि विद्यालय तामिया का निरीक्षण

कलेक्टर ने शासकीय सांदीपनि विद्यालय तामिया के निरीक्षण के दौरान फर्श पर गंदगी और पूरे परिसर में साफ-सफाई का अभाव पाए जाने पर प्रभारी बीईओ एवं प्राचार्य बलवंत सानेर के प्रति कड़ी नाराजगी जताई। उन्होंने कहा कि सांदीपनि विद्यालय स्वच्छ और व्यवस्थित दिखाई देने चाहिए।

उन्होंने तत्काल पूरे विद्यालय की सफाई कराने तथा उसकी फोटो और वीडियो बनाकर भेजने के निर्देश दिए। साथ ही स्पष्ट किया कि पूरे परिसर में प्रतिदिन नियमित रूप से साफ-सफाई सुनिश्चित की जाए, ताकि भविष्य में ऐसी स्थिति दोबारा न बने। उन्होंने सहायक आयुक्त, जनजातीय कार्य विभाग को भी प्रत्येक सप्ताह कम से कम दो सांदीपनि विद्यालयों का अनिवार्य रूप से निरीक्षण कर व्यवस्थाएं दुरुस्त रखने के निर्देश दिए।

आंगनबाड़ी केंद्र में बच्चों से किया संवाद

कलेक्टर ने आदर्श आंगनबाड़ी केंद्र, थाना मोहल्ला तामिया के निरीक्षण के दौरान बच्चों से सहज संवाद किया और उनसे रोचक प्रश्न पूछे। बच्चों ने भी बेझिझक होकर सवालों के जवाब दिए। उन्होंने कलेक्टर को एबीसीडी, पहाड़े और हिंदी व अंग्रेजी में कविताएं सुनाईं।

संवाद के दौरान कलेक्टर ने बच्चों से पूछा कि वे बड़े होकर क्या बनना चाहते हैं। इस पर किसी ने डॉक्टर, किसी ने पुलिसकर्मी, किसी ने फायरमैन तो किसी ने सुपरस्टार बनने की इच्छा जताई। कलेक्टर ने बच्चों को अनुशासन में रहने, मन लगाकर पढ़ाई करने और खेलकूद में भी भाग लेने की समझाइश दी। उन्होंने बच्चों को उपहार स्वरूप पानी की बोतलें और ड्राइंग बुक भी भेंट कीं। उपहार पाकर बच्चों में खुशी का माहौल रहा।

जनसंवाद शिविर में ग्रामीणों की समस्याएं सुनीं

विभिन्न शासकीय संस्थाओं के निरीक्षण के बाद कलेक्टर अधिकारियों के साथ सामुदायिक भवन तामिया में मुख्यमंत्री जन विश्वास अभियान के तहत आयोजित जनसंवाद एवं जनसमस्या निवारण शिविर में शामिल हुए। यहां उन्होंने ग्रामीणों की समस्याएं सुनीं और संबंधित अधिकारियों को उनके निराकरण के निर्देश दिए।

शिविर में ग्रामीणों ने सीमांकन, अवैध कब्जा हटाने, नल कनेक्शन, पाइपलाइन विस्तार, सड़क निर्माण और विद्युत ट्रांसफार्मर लगवाने सहित विभिन्न समस्याओं से संबंधित आवेदन प्रस्तुत किए। इस दौरान क्षेत्र के ग्रामीणों की सीएम हेल्पलाइन से जुड़ी शिकायतों के निराकरण पर भी चर्चा की गई।

छिंदी में बालिका छात्रावास के निर्माण कार्य में लापरवाही की शिकायत पर कलेक्टर ने सहायक यंत्री, जनजातीय कार्य विभाग दीपक सरेयाम के निलंबन का प्रस्ताव तत्काल भेजने के निर्देश दिए।

शिविर में तहसील तामिया के 7 हितग्राहियों को उनकी संपत्ति के मालिकाना हक से संबंधित दस्तावेज भी सौंपे गए। कलेक्टर हरेंद्र नारायन ने सभी हितग्राहियों को भू-स्वामी बनने पर बधाई दी और संपत्ति के दस्तावेजों के लाभों की जानकारी दी। संपत्ति का मालिकाना हक मिलने पर ग्रामीणों ने खुशी जाहिर करते हुए शासन के प्रति आभार व्यक्त किया।

इस दौरान पुलिस अधीक्षक अजय पांडे, जिला पंचायत के मुख्य कार्यपालन अधिकारी अग्रिम कुमार, एसडीएम जुन्नारदेव सुश्री राजनंदिनी सिंह, एसडीओपी जुन्नारदेव, जनपद पंचायत तामिया की मुख्य कार्यपालन अधिकारी सुश्री वर्षा झारिया सहित विभिन्न विभागों के जिला एवं खंड स्तरीय अधिकारी और बड़ी संख्या में ग्रामीण उपस्थित रहे।

उद्यमियों से संवाद कर स्वरोजगार को बढ़ावा देने पर जोर

जनसंवाद शिविर के दौरान कलेक्टर नारायन ने क्षेत्र के उद्यमियों से भी संवाद किया। इनमें मिनरल वाटर प्लांट संचालक पियूष सिंह, पातालकोट रसोई के माध्यम से खाद्य प्रसंस्करण कार्य करने वाले पवन श्रीवास्तव, ईंट निर्माता अमित कुमार बत्रा, पापड़ उद्योग संचालक श्रीमती तरुणा ठाकुर तथा मिठाई-नमकीन उद्योग संचालक तेज प्रकाश साहू शामिल रहे।

कलेक्टर ने उद्यमियों से शासन की योजनाओं का लाभ लेकर ऋण प्राप्त करने से लेकर व्यवसाय स्थापित करने और उसे सफलतापूर्वक संचालित करने तक की जानकारी ली। उन्होंने उनकी समस्याएं भी सुनीं और महाप्रबंधक, जिला उद्योग एवं व्यापार केंद्र को उद्यमियों के व्यवसाय को बढ़ाने के लिए प्रोत्साहित करने तथा उन्हें अन्य उपयुक्त शासकीय योजनाओं का लाभ दिलाने के निर्देश दिए।

संवाद के दौरान उपस्थित महिलाओं ने बताया कि वे पोल्ट्री शेड निर्माण योजना के तहत मुर्गी पालन का कार्य कर रही हैं, जिससे उनकी आजीविका बेहतर ढंग से चल रही है। कलेक्टर ने इन महिलाओं की मासिक बैठक के लिए कक्ष उपलब्ध कराने के निर्देश मुख्य कार्यपालन अधिकारी, जनपद पंचायत को दिए।

उद्यमियों से संवाद के दौरान कलेक्टर नारायन ने महिला उद्यमियों के उदाहरण प्रस्तुत करते हुए तामिया विकासखंड के युवाओं और अन्य उपस्थित लोगों को स्वरोजगार अपनाने के लिए प्रोत्साहित किया। उन्होंने कहा कि पात्र हितग्राही विभागीय योजनाओं का लाभ लेकर अपना व्यवसाय शुरू कर सकते हैं और उसका विस्तार भी कर सकते हैं। इससे स्थानीय स्तर पर रोजगार के अवसर बढ़ेंगे और क्षेत्र की आर्थिक गतिविधियों को गति मिलेगी। उन्होंने उद्यमियों को अपनी स्थापित विनिर्माण इकाइयों का विस्तार करने के लिए भी प्रोत्साहित किया।

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