अबरार अहमद खान/मुकीज़ खान, भोपाल (मप्र), NIT:
उज्जैन में शाही मस्जिद से जुड़े विवाद को लेकर AIMIM मध्यप्रदेश के प्रदेश अध्यक्ष मोहसिन अली खान के बयान पर सामाजिक कार्यकर्ता अनवर पठान ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म फेसबुक पर तीखी टिप्पणी की है। अपनी फेसबुक पोस्ट में पठान ने मोहसिन अली खान द्वारा उज्जैन शहर काजी जनाब खलील उर रहमान साहब को लेकर की गई टिप्पणी पर सवाल उठाए।
अनवर पठान ने फेसबुक टिप्पणी में लिखा कि मोहसिन अली खान के मुंह पर अल्लाह और रसूल की बातें होती हैं, लेकिन एक अजीम शख्सियत उज्जैन शहर काजी जनाब खलील उर रहमान साहब का नाम लेकर उन्हें कौम का ‘मुनाफिक’ कहा जा रहा है। उन्होंने सवाल उठाया कि आखिर किसने किसी को यह सर्टिफिकेट दिया कि वह शहर की बड़ी शख्सियत और शहर काजी को ‘मुनाफिक’ कहे।
पठान ने अपनी टिप्पणी में मोहसिन अली खान से कहा कि उन्हें पहले अपने ‘गिरेबान में झांकना’ चाहिए। उन्होंने शिफा हॉस्पिटल से जुड़े पुराने रिकॉर्ड का भी जिक्र करते हुए कहा कि जरूरत पड़ने पर उन्हें पुराने मामले याद दिलाए जा सकते हैं।
सामाजिक कार्यकर्ता ने अपनी फेसबुक पोस्ट में आगे लिखा कि कम से कम इतनी मर्यादा तो रखी जानी चाहिए कि अपने वालिद और दादा की उम्र के व्यक्ति का नाम लेकर इस तरह की टिप्पणी न की जाए।
अनवर पठान ने दावा किया कि उज्जैन शहर के लोग शहर काजी की शख्सियत और उनकी सामाजिक भूमिका को अच्छी तरह जानते हैं। उन्होंने मोहसिन अली खान पर तंज कसते हुए कहा कि इस बारे में उज्जैन की आवाम से जाकर पूछा जा सकता है।
अनवर पठान, सामाजिक कार्यकर्ता, भोपाल के नाम से की गई यह फेसबुक टिप्पणी अब राजनीतिक और सामाजिक हलकों में चर्चा का विषय बनी हुई है।
