मो. मुजम्मिल, जुन्नारदेव/छिंदवाड़ा (मप्र), NIT:
साइबर ठगी का शिकार होने से ग्राम पालाचौरई की पूर्व सरपंच श्रीमती गिरिजा उईके बाल-बाल बच गईं। जुन्नारदेव थाना पुलिस की तत्परता और त्वरित कार्रवाई के चलते न केवल उनका व्हाट्सएप अकाउंट सुरक्षित हुआ, बल्कि एक बड़ी आर्थिक ठगी होने से भी बच गई।
जानकारी के अनुसार, शनिवार सुबह करीब 11:30 बजे अज्ञात कारणों से पूर्व सरपंच श्रीमती गिरिजा उईके का व्हाट्सएप अकाउंट हैक हो गया। अकाउंट पर कब्जा करने के बाद हैकर उनके परिचितों और अन्य संबंधित लोगों को स्कैनर भेजकर पैसों की मांग करने लगा।
जैसे ही पूर्व सरपंच को अपने व्हाट्सएप अकाउंट के हैक होने की जानकारी मिली, वे घबरा गईं और तत्काल जुन्नारदेव थाने पहुंचीं। उन्होंने वहां पदस्थ उप निरीक्षक (एसआई) मुकेश डोंगरे को पूरे घटनाक्रम की जानकारी दी।
मामले की गंभीरता को देखते हुए एसआई मुकेश डोंगरे ने तत्काल कार्रवाई करते हुए मोबाइल की जांच की और व्हाट्सएप अकाउंट को हैकर की पहुंच से बाहर कर सुरक्षित कराया। पुलिस की इस तत्परता के चलते पूर्व सरपंच और उनके परिचित किसी भी प्रकार के आर्थिक नुकसान से बच गए।
पुलिस की त्वरित कार्रवाई पर पूर्व सरपंच श्रीमती गिरिजा उईके ने प्रसन्नता व्यक्त करते हुए जुन्नारदेव पुलिस एवं एसआई मुकेश डोंगरे का आभार व्यक्त किया।
पुलिस की अपील
पुलिस प्रशासन ने नागरिकों से अपील की है कि व्हाट्सएप पर प्राप्त होने वाले किसी भी अज्ञात लिंक पर क्लिक न करें और अपना ओटीपी (OTP) किसी के साथ साझा न करें। यदि कोई परिचित अचानक स्कैनर भेजकर पैसों की मांग करता है, तो भुगतान करने से पहले संबंधित व्यक्ति को सीधे फोन कर इसकी पुष्टि अवश्य करें।
