राकेश यादव, ब्यूरो चीफ, सागर (मप्र), NIT:

जवाहर वार्ड स्थित अरिहंत फर्टिलाइजर द्वारा किराए पर संचालित गोदाम की कृषि विभाग ने मंगलवार को जांच की। गोदाम खुलवाकर जांच करने पर 148 बोरी डीएपी और 14 बोरी यूरिया, कुल 162 बोरी खाद का अवैध रूप से भंडारण पाया गया। कृषि विभाग ने खाद का पंचनामा तैयार कर गोदाम को दोबारा सील कर दिया।
कृषि विभाग के एसएडीओ उमाशंकर प्रजापति ने बताया कि सोमवार को जवाहर वार्ड में तुलसीराम प्रजापति के मकान में संचालित खाद गोदाम को सील किया गया था। मंगलवार को अधिकारियों की मौजूदगी में गोदाम का ताला खुलवाकर स्टॉक की जांच की गई। इस दौरान 148 बोरी डीएपी और 14 बोरी यूरिया बरामद हुआ। मौके पर गोदाम संचालक अनुपस्थित मिला। खाद के स्टॉक को दिनेश जैन की सुपुर्दगी में दिया गया है।
अधिकारी ने बताया कि कृषि विभाग ने सोमवार को खाद विक्रेता और मकान मालिक तुलसीराम प्रजापति को नोटिस जारी कर गोदाम में रखी खाद के स्वामित्व के संबंध में दावा प्रस्तुत करने के निर्देश दिए थे। मंगलवार को खाद विक्रेता की ओर से कोई दावा प्रस्तुत नहीं किया गया। इसके बाद विभाग ने पंचनामा कार्रवाई पूरी कर गोदाम को पुनः सील कर दिया।
सोशल मीडिया पर मामला वायरल होने के बाद बढ़ा था विवाद: बताया गया है कि अरिहंत फर्टिलाइजर के खाद विक्रेता पर डीएपी और यूरिया की कथित कालाबाजारी के आरोपों से संबंधित वीडियो एक किसान ने सोशल मीडिया पर वायरल किया था। इसके बाद विक्रेता के परिजनों द्वारा किसान के साथ मारपीट किए जाने का मामला सामने आया था। घटना की रिपोर्ट दर्ज नहीं होने से निराश किसान ने कथित तौर पर अपने शरीर पर पेट्रोल डालकर आत्महत्या का प्रयास किया था। बाद में पुलिस ने मामले में प्रकरण दर्ज किया था।
