साबिर खान, अंबेडकर नगर/लखनऊ (यूपी), NIT:

स्वतंत्र पत्रकार गणेश मौर्य पर दर्ज मुकदमे के बाद जिले में विवाद गहराता जा रहा है। मामले में अब मौर्य ने अधिवक्ता सैयद मंजर पर गंभीर आरोप लगाते हुए उनके कथित आपराधिक मामलों और गतिविधियों को लेकर खुलासा किया है। मौर्य का कहना है कि उन्हें फर्जी मुकदमों में फंसाकर सच को दबाने की कोशिश की जा रही है, जिसका वे कानूनी तरीके से जवाब देंगे।
रिपोर्ट के मुताबिक, अधिवक्ता सैयद मंजर के खिलाफ लखनऊ सहित उत्तर प्रदेश के विभिन्न थानों में कई मामले दर्ज बताए जा रहे हैं। इनमें हजरतगंज थाना क्षेत्र के चर्चित होटल लेवाना प्रकरण में महाप्रबंधक प्रणव चक्रवर्ती की शिकायत पर मारपीट और तोड़फोड़ के आरोप शामिल हैं। इसके अलावा एक अन्य मामले में पत्रकार अमित कुमार के साथ मारपीट और कैमरा तोड़ने का आरोप भी सामने आया है।
इसी क्रम में रंगदारी वसूलने और गोलबंदी कर अपराध करने जैसे गंभीर आरोपों में भी मुकदमे दर्ज होने का दावा किया गया है। पत्रकार विष्णु दत्त की तहरीर पर भी सामूहिक रूप से अपराध करने का मामला दर्ज बताया गया है।
गणेश मौर्य ने आरोप लगाया कि अधिवक्ता द्वारा पत्रकारों को लगातार निशाना बनाया जा रहा है, ताकि उनके खिलाफ उठ रही आवाजों को दबाया जा सके। उन्होंने कहा कि वे इस मामले को अदालत और मीडिया दोनों के माध्यम से मजबूती से उठाएंगे।
वहीं, एक अन्य आरोप में मौर्य ने कहा कि अधिवक्ता द्वारा सरकारी तालाब की जमीन पर अवैध निर्माण कराया गया है। उन्होंने संबंधित अभिलेखों की जांच कराकर प्रशासन से कार्रवाई की मांग करते हुए कहा कि यदि आरोप सही पाए गए तो अवैध निर्माण पर सख्त कार्रवाई सुनिश्चित कराई जाएगी।
फिलहाल, पूरे मामले को लेकर क्षेत्र में चर्चाओं का दौर जारी है, जबकि संबंधित पक्षों की ओर से आधिकारिक प्रतिक्रिया सामने आना बाकी है।

