इमरान खान, जलगांव/मुंबई (महाराष्ट्र), NIT:

महाराष्ट्र विधानसभा में जलगांव जामोद के चर्चित महिला मौत मामले को लेकर जोरदार बहस देखने को मिली। एनसीपी (शरद पवार गुट) के विधायक रोहित पवार ने इस मुद्दे को सदन में उठाते हुए पुलिस की कार्यप्रणाली पर गंभीर सवाल खड़े किए।
विधायक रोहित पवार ने आरोप लगाया कि महिला के जलने से हुई मौत के मामले में पुलिस ने कुछ निर्दोष लोगों को हिरासत में लेकर उन पर जबरन अपराध कबूल कराने के लिए दबाव बनाया। उन्होंने इस पूरे प्रकरण की निष्पक्ष जांच कराने और दोषी पुलिस अधिकारियों पर कड़ी कार्रवाई की मांग की।
मामले पर जवाब देते हुए मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने कहा कि यदि बेगुनाह लोगों को झूठे मामले में फंसाया गया है, तो यह पुलिस की बेहद शर्मनाक कार्रवाई है और इसे किसी भी सूरत में बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।
मुख्यमंत्री ने बताया कि इस घटना से जुड़े सभी पुलिस निरीक्षकों (पीआई) और जिम्मेदार अधिकारियों को निलंबित कर दिया गया है। साथ ही उनके खिलाफ आपराधिक मामला दर्ज करने के निर्देश दिए गए हैं। उन्होंने यह भी कहा कि जिन निर्दोष लोगों को गलत तरीके से गिरफ्तार किया गया, उन्हें सरकार की ओर से उचित मुआवजा दिया जाएगा।
उन्होंने स्पष्ट किया कि राज्य सरकार किसी भी निर्दोष व्यक्ति के साथ अन्याय नहीं होने देगी और दोषी अधिकारियों के खिलाफ कानून के तहत सख्त कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी।
