राकेश यादव, देवरी/सागर (मप्र), NIT:
पूर्व मंत्री हर्ष यादव के नेतृत्व में कांग्रेस नेताओं और कार्यकर्ताओं ने कचहरी चौराहा स्थित भारत रत्न डॉ. भीमराव अंबेडकर की प्रतिमा के समक्ष “संविधान बचाओ, लोकतंत्र बचाओ” के नारे के साथ धरना-प्रदर्शन किया। कार्यक्रम में बड़ी संख्या में पार्टी पदाधिकारी और कार्यकर्ता शामिल हुए, जिन्होंने संविधान की गरिमा, लोकतांत्रिक संस्थाओं की स्वतंत्रता और विपक्ष की भूमिका को लेकर अपने विचार रखे।
धरने को संबोधित करते हुए हर्ष यादव ने कहा कि भारतीय लोकतंत्र की मजबूती संविधान और लोकतांत्रिक परंपराओं के सम्मान में निहित है। उन्होंने आरोप लगाया कि हाल के राजनीतिक घटनाक्रमों से लोकतांत्रिक प्रक्रियाओं की निष्पक्षता पर सवाल खड़े हुए हैं। उन्होंने कहा कि कांग्रेस पार्टी हमेशा से संविधान की रक्षा, सामाजिक न्याय और जनता के अधिकारों के लिए संघर्ष करती रही है और आगे भी यह लड़ाई पूरी ताकत के साथ जारी रहेगी।
उन्होंने मध्य प्रदेश कांग्रेस की राज्यसभा प्रत्याशी मीनाक्षी नटराजन के नामांकन निरस्त किए जाने के मुद्दे को उठाते हुए इसे लोकतांत्रिक मूल्यों के खिलाफ बताया। उन्होंने कहा कि विपक्ष को लोकतांत्रिक प्रक्रियाओं में समान अवसर मिलना चाहिए और किसी भी प्रकार का राजनीतिक हस्तक्षेप लोकतंत्र के लिए उचित नहीं है।
हर्ष यादव ने बाबा साहेब डॉ. भीमराव अंबेडकर के विचारों का उल्लेख करते हुए कहा कि संविधान केवल एक दस्तावेज नहीं, बल्कि देश की एकता, समानता और न्याय की आधारशिला है। संविधान में निहित अधिकारों की रक्षा करना हर नागरिक की जिम्मेदारी है। उन्होंने बताया कि कांग्रेस पार्टी प्रदेशभर में जनजागरण अभियान और धरना-प्रदर्शन के माध्यम से जनता को जागरूक करने का कार्य कर रही है।
धरना स्थल पर मौजूद कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने संविधान और लोकतंत्र की रक्षा के समर्थन में नारे लगाए तथा लोकतांत्रिक अधिकारों की सुरक्षा का संकल्प लिया। नेताओं ने कहा कि लोकतंत्र में असहमति की आवाज का सम्मान होना चाहिए, क्योंकि यही इसकी सबसे बड़ी ताकत है। अंत में पार्टी नेताओं ने जनता के मुद्दों को लगातार उठाते रहने और लोकतांत्रिक मूल्यों की रक्षा के लिए संघर्ष जारी रखने का संकल्प दोहराया।
